अब महिलाओं के हाथों में पावर सब स्टेशनों की कमान

कोलकाता : आज हर क्षेत्र में महिलाएं आगे हैं। देश की सफलता में कंधे से कंधा मिलाकर बराबरी की भागीदारी दे रही हैं। अब पावर सब स्टेशन को संभालने में भी कोई हिचकिचाहट व भय नहीं है। अब महिलाओं के हाथों में पावर स्टेशन की कमान होगी। 8 मार्च को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर राज्य सरकार के विद्युत विभाग द्वारा दो सब पावर स्टेशनाें की ओपनिंग हुई जो कि पूरी तरह से महिलाओं द्वारा संचालित होंगी। राज्य के विद्युत मंत्री अरूप विश्वास ने इसका उद्घाटन किया। इस मौके पर विद्युत विभाग के सचिव सांतनु बसु सहित कई अधिकारी मौजूद थे।

यह देश का पहला महिला संचालित स्टेशन – अरूप

अरूप विश्वास ने कहा कि हमारी सरकार महिलाओं के लिए जो कहती है उसे पूरा करती हैं। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए कर दिखाया है। यह पावर का सब स्टेशन देश का पहला सब स्टेशन होगा जो कि पूरी तरह महिलाएं ही ऑपरेट करेंगी। दो स्टेशन अभी शुरू हुए है। एक में 26 महिलाएं तथा दूसरे में 8 महिलाएं पूर्ण रूप से अपनी भागीदारी दिखाएंगी। भविष्य में पावर सेक्टर के विभिन्न जगहों पर जैसे कस्टमर केयर सेंटर में भी महिलाओं को प्राथमिकता दी जायेगी।

काफी महत्व है इन दो सब पावर स्टेशनों का

विद्युत विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक इस दिन जिन दो सब -स्टेशनों का उद्घाटन किया गया, वे हैं डब्ल्यूबीएसईटीसीएल साल्टलेक 132 केवी जीआई सब-स्टेशन और डब्ल्यूबीएसईडीसीएल एलीटा गार्डन विस्टा (राजरहाट, न्यूटाउन में स्थित) 33 केवी सब -स्टेशन -स्टेशन। साल्टलेक 132 केवी जीआई सब-स्टेशन की ट्रांसमिशन क्षमता काफी ज्यादा है। यह सब-स्टेशन सेक्टर 1, सेक्टर 2, सेक्टर 3, साल्टलेक स्टेडियम सहित मेट्रो रेल की ईस्ट-वेस्ट लाइन को बेहतर बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करेगा। साथ ही साल्टलेक स्टेडियम 132 केवी जीआई सब-स्टेशन को भी रिमोट ऑटोमेशन के माध्यम से इसी सब-स्टेशन से संचालित किया जाएगा। एलीटा गार्डन विस्टा सब-स्टेशन यह लगभग 2000 ग्राहकों को बिजली की आपूर्ति करेगा। इस सब-स्टेशन के चालू होने से राजारहाट न्यूटाउन के बड़े क्षेत्र में बिजली अधिक प्रदान हो सकेगी। इतना ही नहीं आने वाले समय में ग्राहकों की अतिरिक्त बिजली की मांग को आसानी से पूरा करना संभव हो सकेगा।

महिलाओं ने कहा, बड़ा दायित्व मिला है

दोनों सब स्टेशनाें का काफी महत्व है। यहां प्रभारी, कर्मी, तकनीकी ऑपरेटर, सुरक्षा की सभी जिम्मेदारियां पूरी तरह से 24 X 7 महिलाओं पर है। पावर सब स्टेशन काम में करने वाली स्मिता भवल, सिल्पी खां ने कहा कि आज हमारे लिए गर्व का दिन है। टेक्निकल के बाद अब ऑपरेशनल का बड़ा दायित्व मिला है। हमलोग किसी से भी कम नहीं हैं। 132 केवी जीआई सब स्टेशन का प्रभार मिलता काफी गर्व की बात है क्योंकि यहां काफी सावधानी से काम करना पड़ता है। भरोसा जताने के लिए हमलोग बहुत खुश हैं।

 

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