

नई दिल्लीः पिछले दिनों नई दिल्ली में आयोजित इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट में युवा कांग्रेस द्वारा किये गये शर्टलेस प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली पुलिस ने मंगलवार की सुबह संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने सोमवार को उदय भानु चिब से लंबी पूछताछ की थी। शर्टलेस प्रदर्शन में हालांकि उदय शामिल नहीं थे लेकिन फिर भी पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार किया है। माना जा रहा है कि उनके इशारे पर ही युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एआई समिट में योजनाबद्ध तरीके घूसकर शर्टलेस प्रदर्शन किया था जिसकी वजह से समिट में कुछ समय के लिए अफरातफरी मच गई थी।
दिल्ली पुलिस ने उदय भानु चिब को लेकर अबतक आठ लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने गत शुक्रवार को भारत मंडपम में हुए विरोध प्रदर्शन के सिलसिले में भारतीय युवा कांग्रेस (आईवाईसी) के सात कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया था, जिनमें से तीन को मध्य प्रदेश के ग्वालियर से पकड़ा गया था। उनकी पहचान जितेंद्र यादव, राज गुज्जर और अजय कुमार के रूप में की गयी है। इसके अलावा, युवा कांग्रेस की उत्तर प्रदेश इकाई के महासचिव रितिक उर्फ मोंटी शुक्ला को राज्य के ललितपुर से हिरासत में लिया गया है।
पुलिस के अनुसार, प्राथमिकी में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के तहत अतिरिक्त धाराएं लगाई गई हैं, जिनमें 196 (विभिन्न समूहों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देना और सद्भाव विरोधी हानिकारक कृत्य) और 197 (राष्ट्रीय एकता के लिए हानिकारक बयान) शामिल हैं, जिनमें तीन साल तक की कैद का प्रावधान है।
आपराधिक साजिश, लोक सेवक को कर्तव्य निर्वहन में बाधा डालना, लोक सेवक द्वारा विधिवत जारी किए गए आदेश की अवज्ञा, गैरकानूनी सभा और साझा मंशा के आरोप पहले ही प्राथमिकी में जोड़ दिए गए थे।
युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के एक समूह ने शुक्रवार को सम्मेलन स्थल के हॉल नंबर 5 के अंदर कमीज उतारकर और सरकार तथा भारत-अमेरिका अंतरिम व्यापार समझौते के खिलाफ नारे छपी हुई टी-शर्ट हाथ में लेकर विरोध प्रदर्शन किया था, जिसके बाद सुरक्षाकर्मियों द्वारा उन्हें वहां से हटा दिया गया। पुलिस ने बताया कि आरोपियों ने कार्यक्रम स्थल में प्रवेश के वास्ते क्यूआर कोड प्राप्त करने के लिए ऑनलाइन पंजीकरण कराया था।
जांचकर्ता कथित साजिश के पहलू की और विरोध-प्रदर्शन के पीछे के वित्तीय लेन-देन की भी जांच कर रहे हैं, जिसमें यह भी शामिल है कि टी-शर्ट पर नारे छपवाने के लिए किसने धन दिया था। इस मुद्दे ने राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इसे ‘‘वैश्विक मंच पर भारत की छवि को धूमिल करने का एक शर्मनाक कृत्य’’ बताया, जबकि भारतीय युवा कांग्रेस ने इसे राष्ट्रीय हितों की रक्षा के उद्देश्य से किया गया ‘‘शांतिपूर्ण’’ प्रदर्शन बताकर इसका बचाव किया।
यादव की गिरफ्तारी से पहले, पटियाला हाउस कोर्ट ने चार अन्य नेताओं, कृष्णा हरि, कुंदन यादव, अजय कुमार और नरसिम्हा यादव को गिरफ्तार कर पांच दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया था। दिल्ली पुलिस के अनुसार, अधिकारियों ने नेता कृष्णा हरि की कार से युवा कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन में इस्तेमाल की गई टी-शर्ट और पोस्टर बरामद किए हैं। पुलिस ने एक अन्य युवा कांग्रेसी प्रदर्शनकारी को भी हिरासत में लिया है और शेष प्रदर्शनकारियों की तलाश में छापेमारी कर रही है।
इस बीच, पटियाला हाउस कोर्ट ने शनिवार को शुरू में गिरफ्तार किए गए चारों नेताओं की जमानत याचिकाएं खारिज कर दीं और आरोपियों को पांच दिनों के लिए पुलिस हिरासत में भेज दिया। दिल्ली पुलिस ने बताया कि मौके से फरार हुए अन्य आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए उनकी हिरासत जरूरी थी। आरोपियों के वकील ने दलील दी कि आरोपी एक राजनीतिक दल से जुड़े हैं। उन्होंने भारत मंडपम में विरोध प्रदर्शन आयोजित करने के अपने अधिकार का इस्तेमाल किया। विरोध प्रदर्शन शांतिपूर्ण था; हिंसा का कोई वीडियो मौजूद नहीं है। यह भी बताया गया कि वे पदाधिकारी हैं और डिग्री प्राप्त शिक्षित व्यक्ति हैं।