

सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : भारत के चुनाव आयोग ने रविवार को पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों की तारीखों का ऐलान कर दिया। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में चुनाव कार्यक्रम की घोषणा की। इसके तहत पश्चिम बंगाल की 294 विधानसभा सीटों पर दो चरणों में मतदान होगा, जबकि मतगणना 4 मई 2026 को होगी।
23 और 29 अप्रैल को होगा मतदान
पश्चिम बंगाल में चुनाव दो चरणों में कराए जाएंगे।
* पहला चरण: 23 अप्रैल 2026 – 152 विधानसभा सीटें
* दूसरा चरण: 29 अप्रैल 2026 – 142 विधानसभा सीटें
दोनों चरणों के बाद 4 मई 2026 को पूरे देश के साथ बंगाल के चुनाव परिणाम घोषित किए जाएंगे।
6.44 करोड़ मतदाता करेंगे मतदान
चुनाव आयोग के अनुसार में करीब 6.44 करोड़ मतदाता मतदान के लिए पात्र हैं। इनमें बड़ी संख्या में पहली बार वोट देने वाले युवा मतदाता भी शामिल हैं। आयोग ने युवाओं और प्रथम बार वोट देने वालों से लोकतंत्र के इस पर्व में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की है।
80 हजार से अधिक पोलिंग स्टेशन
पश्चिम बंगाल में 80 हजार से अधिक पोलिंग स्टेशन बनाए जाएंगे। इनमें से 61 हजार से अधिक ग्रामीण क्षेत्रों में होंगे। प्रत्येक मतदान केंद्र पर मतदाताओं के लिए पीने का पानी, शौचालय, रैंप और बैठने की व्यवस्था जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
100% वेबकास्टिंग और कड़ी सुरक्षा
चुनाव आयोग ने पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सभी मतदान केंद्रों पर 100% वेबकास्टिंग की व्यवस्था करने का निर्णय लिया है।
वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांगों के लिए विशेष व्यवस्था
चुनाव आयोग ने वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांग मतदाताओं के लिए विशेष सुविधाओं की घोषणा की है।
* ग्राउंड फ्लोर पर मतदान केंद्र
* रैंप और व्हीलचेयर की व्यवस्था
* प्राथमिकता के आधार पर मतदान
* आवश्यक होने पर होम वोटिंग की सुविधा
मतदान प्रतिशत की जानकारी हर दो घंटे में
मतदान के दिन प्रत्येक पोलिंग स्टेशन से हर दो घंटे में मतदान प्रतिशत की जानकारी जारी की जाएगी, ताकि पारदर्शिता बनी रहे और मतदाताओं को लगातार अपडेट मिलता रहे।
लोकतंत्र का सबसे बड़ा उत्सव
मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि चुनाव भारत में लोकतंत्र का सबसे बड़ा उत्सव है और आयोग स्वतंत्र, निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण चुनाव कराने के लिए पूरी तरह तैयार है।