असम के 73 चाय बागानों में 20% दुर्गा पूजा बोनस का ऐलान

असम के 73 चाय बागानों में 20% दुर्गा पूजा बोनस का ऐलान
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डिब्रूगढ़ : असम के चाय उद्योग से जुड़े श्रमिकों के लिए दुर्गा पूजा से पहले राहत की खबर है। राज्य के 73 बड़े चाय बागानों ने अपने श्रमिकों को अधिकतम 20 प्रतिशत दुर्गा पूजा बोनस देने की घोषणा की है। ये चाय बागान राज्य के नौ बड़े चाय समूहों के अधीन हैं। असम चाय मजदूर संघ (ACMS) के महासचिव रूपेश गोवाला ने गुरुवार को बताया कि अब तक जिन 73 बड़े चाय बागानों ने बोनस की घोषणा की है, उन सभी ने 20 प्रतिशत बोनस देने का निर्णय लिया है। हालांकि, सभी बागान एक साथ पूरी राशि का भुगतान नहीं करेंगे। कुछ प्रबंधन दुर्गा पूजा से पहले बोनस की 15 प्रतिशत राशि देंगे, जबकि शेष 5 प्रतिशत राशि बाद में माघ बिहू या वर्ष 2027 में होली से पहले दी जाएगी।

चार समूह 15%+5% के फार्मूले पर देंगे बोनस

गोवाला के अनुसार गुडरिक, गिलैंडर्स अर्बुथनोट, लक्ष्मी टी और एमके जोकाई प्रबंधन 15 प्रतिशत बोनस दुर्गा पूजा से पहले और शेष 5 प्रतिशत बाद में देने की योजना पर चलेंगे। वहीं रॉसेल टी, एमके शाह एक्सपोर्ट्स, धुनसेरी, जोरहाट टी और श्री वसुप्रदा प्लांटेशन्स अपने श्रमिकों को पूरा 20 प्रतिशत बोनस एकमुश्त देने की घोषणा कर चुके हैं।

20 सितंबर तक घोषणा और 5 अक्टूबर तक भुगतान की मांग

ACMS ने चाय बागान प्रबंधनों से अपील की थी कि दुर्गा पूजा से पहले श्रमिकों को बोनस देने की प्रक्रिया पूरी की जाए। संघ ने प्रबंधनों से 20 सितंबर तक बोनस की घोषणा और 5 अक्टूबर तक भुगतान करने का आग्रह किया था। गोवाला ने कहा कि अब तक बागान प्रबंधनों की प्रतिक्रिया सकारात्मक रही है। उन्होंने कहा कि सभी 73 बड़े चाय बागानों ने अधिकतम 20 प्रतिशत बोनस देने की घोषणा की है। इससे दुर्गा पूजा से पहले बड़ी संख्या में चाय श्रमिकों और उनके परिवारों को आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद है।

कानूनी प्रावधान के तहत 8.33 से 20% तक बोनस

मौजूदा श्रम कानून व्यवस्था के तहत पात्र कर्मचारियों के लिए बोनस की दर 8.33 प्रतिशत से 20 प्रतिशत तक हो सकती है। हालांकि, वास्तविक बोनस राशि और भुगतान की समय-सारणी नियोक्ता और श्रमिकों के बीच हुए समझौते के आधार पर तय की जा सकती है। असम के चाय बागानों में दुर्गा पूजा बोनस लंबे समय से श्रमिकों और प्रबंधन के बीच महत्वपूर्ण औद्योगिक मुद्दा रहा है।

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