महाशिवरात्रि : ‘मन्नत’ पूरी होने पर कांवड़ लेकर संभल पहुंची बुर्का पहनी महिला

बुर्का पहनी मलिक ने क्षेमनाथ मंदिर में भगवान शिव का गंगाजल से किया अभिषेक
हरिद्वार से कांवड़ यात्रा कर गंगाजल लेकर लौटीं
हरिद्वार से कांवड़ यात्रा कर गंगाजल लेकर लौटीं
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संभल : संभल जिले में मुस्लिम महिला तमन्ना मलिक का उनके घर लौटने पर 'हर-हर महादेव' के जयघोष के साथ स्वागत किया गया। वह अपनी मन्नत पूरी होने पर हरिद्वार से 170 किलोमीटर से अधिक की कांवड़ यात्रा कर गंगाजल लेकर लौटीं हैं।

रविवार को महाशिवरात्रि के अवसर पर, बुर्का पहनी मलिक ने संभल के क्षेमनाथ मंदिर में भगवान शिव का गंगाजल से अभिषेक किया। बदनपुर बसई गांव की निवासी तमन्ना ने साढ़े तीन साल पहले इसी गांव के हिंदू युवक अमन त्यागी से शादी की थी। इस दंपति के दो बेटे-- दो वर्षीय आर्यन और एक वर्षीय दक्ष हैं।

इससे पहले, जब उनके विवाह में बाधाएं आ रही थीं, तब मलिक ने मन्नत मांगी थी कि यदि उनकी शादी त्यागी से हो जाती है, तो वह 'जलाभिषेक' करेंगी। यह जोड़ा गांव से चला गया था और विवाह करने के बाद एक साल पहले ही घर वापस लौटा है।

मलिक ने संभल में कहा, मेरे पति ने मेरा पूरा सहयोग किया है और कई स्थानों पर लोगों ने फूल बरसाकर मेरा स्वागत किया। सनातन धर्म के लोगों ने कई जगहों पर हमारा स्वागत किया और जो लोग विरोध कर रहे हैं वे अज्ञानी हैं। हमें उन पर ध्यान देने की क्या जरूरत है।

अपने पहनावे को लेकर उन्होंने कहा, मैं पहले भी बुर्का पहनती थी, अब किसी को इससे क्या समस्या है ? मलिक 10 फरवरी को अपने पति के साथ हरिद्वार गई थीं और अगले दिन अपने गांव लौट आई थीं।

अमन त्यागी ने बताया, हम दोनों हरिद्वार से कांवड़ लेकर आए। पूरी यात्रा के दौरान विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल और सनातनी लोगों ने बहुत मदद की। अमरोहा और नूरपुर के भी कई लोग हमारे साथ पैदल चले।

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