'हर घर नल योजना' की धीमी प्रगति से नाराज ग्रामीणों ने किया जल सत्याग्रह

प्रशासनिक अधिकारियों पर लापरवाही और भ्रष्टाचार के गम्भीर आरोप लगाए
सत्याग्रह
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सोनभद्र : सोनभद्र जिले के चोपन विकासखंड में सरकार की 'हर घर नल योजना' की कथित धीमी प्रगति से नाराज ग्रामीणों ने सोन नदी के पानी में बैठकर जल सत्याग्रह किया और प्रशासनिक अधिकारियों पर लापरवाही और भ्रष्टाचार के गम्भीर आरोप लगाए।

आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक चोपन विकासखंड के सिंदूरिया गांव में स्थानीय निवासियों ने पानी की बढ़ती किल्लत के खिलाफ रविवार को सोन नदी में बैठकर जल सत्याग्रह किया। जल सत्याग्रह कार्यक्रम में शामिल हुए ग्रामीण सुरेंद्र यादव ने बताया कि गर्मी शुरू होते ही पानी के लिए हाहाकार मचने लगा है और शहरी व ग्रामीण इलाकों में हैंडपंप से पानी आना बंद हो चुका है।

कुछ प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने बताया कि गांव-देहात के इलाकों में तो लोगों को अभी से दूर से पानी लाना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सरकारी दावे के मुताबिक लोगों को यह उम्मीद थी कि इस बार गर्मी में 'हर घर नल योजना' के तहत हर घर को टोटी के माध्यम से शुद्ध जल मुहैया हो जाएगा, मगर ऐसा नहीं हुआ।

उन्होंने कहा कि सरकारी अफसर भी इसी दावे को अक्सर ग्रामीणों के सामने दोहराते रहते थे मगर जिस तरीके से फरवरी माह से ही पानी की किल्लत शुरू हो गई, उससे साफ है कि आने वाले दिनों में पानी की किल्लत और भी बढ़ेगी।

जल सत्याग्रह कर रहे ग्रामीणों का कहना है कि करीब तीन साल पहले अधिकारियों ने सर्वे कराकर पाइपलाइन बिछाने के नाम पर सड़कों की खुदाई करवा दी लेकिन आज तक गांव में नल की टोटी नहीं लग पाई, नतीजतन ग्रामीणों को आज भी मजबूरी में सोन नदी का दूषित पानी पीना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि दूषित पानी पीने से बच्चे बीमार हो रहे हैं लेकिन कोई सुध लेने वाला नहीं है।

ग्रामीणों का प्रतिनिधित्व कर रहे अजय कुमार पाठक ने आरोप लगाते हुए कहा कि अधिकारी सिर्फ शासन को झूठी रिपोर्ट भेजकर अपनी नौकरी बचा रहे हैं और वाहवाही लूट रहे हैं। उन्होंने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर जल्द हर घर नल योजना के तहत जल की आपूर्ति शुरू नहीं की गयी तो लखनऊ तक पैदल मार्च किया जायेगा।

इस बीच, जल निगम के अधिशासी अभियंता अरुण सिंह ने बताया कि लगभग 90 प्रतिशत गांवों में पानी के कनेक्शन का कार्य पूरा हो गया है। कुछ परियोजनाओं का परीक्षण भी किया जा रहा है और उम्मीद है कि जल्द ही आपूर्ति शुरू कर दी जाएगी।

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