

केडी पार्थ, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण में चुनाव आयोग ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बड़ा फैसला लिया है। राज्यभर में व्यापक स्तर पर केंद्रीय बलों की तैनाती की गई है, ताकि मतदान शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से संपन्न हो सके। जिला और पुलिस कमिश्नरेट स्तर पर बलों की संख्या तय कर दी गई है, जिससे संवेदनशील इलाकों पर विशेष नजर रखी जा सके। दूसरे चरण के मतदान के लिए केंद्रीय बलों की कुल 2321 कंपनियां तैनात की गई हैं। इसके अलावा चुनाव प्रक्रिया की निगरानी के लिए 142 जनरल ऑब्जर्वर, 95 पुलिस ऑब्जर्वर और 100 व्यय पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं।
जिला स्तर पर बलों की तैनाती तय
चुनाव आयोग ने पुलिस जिलों और कमिश्नरेट के अनुसार बलों की तैनाती को अंतिम रूप दे दिया है। यह व्यवस्था क्षेत्र की संवेदनशीलता को ध्यान में रखकर की गई है।
किन जिलों में कितनी तैनाती
-बारासात पुलिस जिला – 112 कंपनी
-बनगांव पुलिस जिला – 62 कंपनी
-बशीरहाट पुलिस जिला – 123 कंपनी
-बिधाननगर पुलिस कमिश्नरेट – 50 कंपनी
-बैरकपुर पुलिस कमिश्नरेट – 160 कंपनी
-सुंदरबन पुलिस जिला – 113 कंपनी
-बारुईपुर पुलिस जिला – 161 कंपनी
-डायमंड हार्बर पुलिस जिला – 135 कंपनी
हावड़ा और नदिया में मजबूत सुरक्षा व्यवस्था
-हावड़ा ग्रामीण – 147 कंपनी
-हावड़ा पुलिस कमिश्नरेट – 110 कंपनी
-कृष्णानगर पुलिस जिला – 158 कंपनी
-रानाघाट पुलिस जिला – 127 कंपनी
-हुगली और बर्दवान में सबसे ज्यादा फोर्स
-चंदननगर पुलिस कमिश्नरेट – 83 कंपनी
-हुगली ग्रामीण – 234 कंपनी
-पूर्व बर्दवान – 260 कंपनी (सबसे अधिक)
औद्योगिक और शहरी इलाकों में भी सख्ती
-आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट – 13 कंपनी
-कोलकाता पुलिस – 273 कंपनी
आयोग का फोकस
चुनाव आयोग का कहना है कि सभी संवेदनशील और अति-संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त बल तैनात किया गया है, ताकि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी को रोका जा सके और मतदाता निर्भय होकर मतदान कर सकें।