ओडिशा में पुलिस ने बंगाल से आए प्रवासी मजदूरों को जबरन घर छोड़ने पर मजबूर किया : महुआ

तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा ने घटना को 'असंवैधानिक' करार देते हुए कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
ओडिशा में पुलिस ने बंगाल से आए प्रवासी मजदूरों को जबरन घर छोड़ने पर मजबूर किया : महुआ
Published on

कोलकाताः तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की सांसद महुआ मोइत्रा ने मंगलवार को आरोप लगाया कि ओडिशा के नयागढ़ में पुलिस ने पश्चिम बंगाल के चार प्रवासी श्रमिकों को वैध पहचान पत्र होने के बावजूद जिला छोड़ने के लिए मजबूर किया। मोइत्रा ने इसे 'असंवैधानिक' करार देते हुए कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है।

महुआ ने कार्रवाई को संविधान का उल्लंघन बताया

मोइत्रा ने 'एक्स' पर एक पोस्ट में नयागढ़ की पुलिस अधीक्षक (एसपी) एस सुश्री का ध्यान आकर्षित करते हुए दावा किया कि ओडागांव पुलिस थाना प्रभारी ने “चार बंगाली प्रवासियों को जिला छोड़ने का निर्देश दिया था। ये सभी प्रवासी वास्तविक भारतीय नागरिक हैं और इनके पास पूरे कागजात हैं। ”

कृष्णानगर की सांसद ने कहा, ‘‘ मकान मालिक पर दबाव डालकर उन्हें बाहर निकाल दिया गया, गिरफ्तारी की धमकी दी गई। मुर्शिदाबाद के पुलिस अधीक्षक द्वारा मजदूरों का सत्यापन करने के बावजूद यह कदम उठाया गया। यह गैरकानूनी है और हमारे संविधान का उल्लंघन है। मैं आपको अदालत ले जा रही हूं, इसलिए तैयार रहिए।’’

नयागढ़ जिला पुलिस की नहीं आई प्रतिक्रिया

तृणमूल कांग्रेस ने पहले ओडिशा पुलिस पर बंगाली भाषी मजदूरों को मनमाने ढंग से हिरासत में लेने और परेशान करने का आरोप लगाया था। ओडिशा ने इन आरोपों को खारिज कर दिया था। नयागढ़ जिला पुलिस ने अभी तक मोइत्रा के आरोपों पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।

logo
Sanmarg Hindi daily
sanmarg.in