

मुंबईः अपने भविष्य को लेकर कभी खत्म नहीं होने वाली अटकलों को खारिज करते हुए कोलकाता नाइट राइडर्स के कप्तान और भारत के अनुभवी बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे ने कहा कि वह अपने विकास के लिये क्रिकेट खेल रहे हैं, किसी को कुछ साबित करने के लिये नहीं।
सैंतीस वर्ष के रहाणे ने पिछले सत्र में मुंबई रणजी टीम की कप्तानी छोड़ दी थी। उन्होंने सफेद गेंद के टूर्नामेंट में भी कप्तानी नहीं की जिससे उनके भविष्य को लेकर अटकलें लगाई जा रही थीं। वह भारत के लिये आखिरी बार 2023 में खेले थे। मुंबई इंडियंस के खिलाफ आईपीएल के पहले मैच में 40 गेंद में 67 रन बनाने वाले रहाणे ने कहा, ‘‘लोगों को मेरे बारे में बोलने दीजिये। वे 20 साल से बोलते आ रहे हैं।’’
उन्होंने कहा, ‘‘मैं अपनी बल्लेबाजी से खुश हूं। मैं किसी को यह साबित करने के लिये नहीं खेल रहा हूं कि मैं कितना हुनरमंद हूं। लोग देख रहे हैं। उन्हें देखने दीजिये और बोलने दीजिये।’’
उन्होंने कहा, ‘‘मैं बहुत खुश हूं कि पिछले दो तीन साल में सफेद गेंद के प्रारूप में मेरा खेल बेहतर हुआ है। एक क्रिकेटर के तौर पर विकास जरूरी है और मैं वही करने की कोशिश कर रहा हूं। लोग बोलते रहेंगे, उन्हें बोलने दीजिये।’’
मैच के बारे में रहाणे ने कहा कि जसप्रीत बुमराह ने आखिर में किफायती स्पैल डाला जिसकी वजह से उनकी टीम अपेक्षित स्कोर नहीं बना सकी। उन्होंने कहा, ‘‘हम 235-240 बनाने की राह पर थे लेकिन बुमराह के दो ओवरों से काफी फर्क पैदा हुआ। इसलिये वह इतना महान गेंदबाज हैं।’’