

कोलकाता: Kolkata Municipal Corporation (केएमसी) द्वारा Abhishek Banerjee से जुड़ी संपत्तियों पर कार्रवाई को लेकर नया मोड़ सामने आया है। मेयर Firhad Hakim ने दावा किया है कि इस मामले में उन्हें कोई जानकारी नहीं दी गई।
उन्होंने साफ कहा कि बिल्डिंग विभाग के फैसलों में मेयर की सीधी भूमिका नहीं होती और अवैध निर्माण पर कार्रवाई का अधिकार नगर निगम के कमिश्नर के पास होता है। जानकारी के मुताबिक, केएमसी ने अभिषेक बनर्जी से जुड़ी करीब 21 संपत्तियों के दस्तावेज और निर्माण की वैधता जांचने के लिए नोटिस भेजा है। इनमें उनकी कंपनी ‘Lips and Bounds’ से जुड़ी संपत्तियां भी शामिल हैं।
हरिश मुखर्जी रोड और कालीघाट इलाके की कई प्रॉपर्टी इस जांच के दायरे में हैं। नगर निगम के बिल्डिंग विभाग ने Kolkata Municipal Corporation Act 1980 की धारा 400(1) के तहत ये नोटिस जारी किए हैं।
इस कार्रवाई से पहले Suvendu Adhikari ने चुनाव प्रचार के दौरान अभिषेक बनर्जी की संपत्तियों को लेकर सवाल उठाए थे और उनकी कंपनी ‘Leaps and Bounds’ से जुड़ी कई प्रॉपर्टी का जिक्र किया था।
गौर करने वाली बात यह है कि जिन संपत्तियों पर नोटिस जारी हुआ है, वे सीधे अभिषेक बनर्जी के नाम पर नहीं बल्कि उनकी कंपनी के नाम पर दर्ज हैं। अभिषेक ने अपने चुनावी हलफनामे में बताया था कि जिन घरों में वह रहते या काम करते हैं, वे उनकी कंपनी के स्वामित्व में हैं। ऐसे में अब केएमसी की यह कार्रवाई और इससे जुड़ी राजनीति, दोनों पर सभी की नजरें टिकी हैं।