

कोलकाताः पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बृहस्पतिवार को आरोप लगाया कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के अधिकारी यहां आई-पीएसी प्रमुख प्रतीक जैन के आवास पर तलाश अभियान के दौरान तृणमूल कांग्रेस की हार्ड डिस्क, आंतरिक दस्तावेज और संवेदनशील संगठनात्मक डाटा जब्त करने का प्रयास कर रहे थे। बनर्जी ने जैन के आवास पर हुई छापेमारी को राजनीतिक रूप से प्रेरित और असंवैधानिक बताया। आई-पीएसी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के आईटी सेल की जिम्मेदारी भी संभालता है।
बनर्जी ने जैन के लाउडन स्ट्रीट स्थित आवास से बाहर निकलने के बाद ये आरोप लगाए, जहां बृहस्पतिवार सुबह से ही तलाश अभियान जारी है। जैन के नेतृत्व वाली फर्म ‘इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी’ (आई-पीएसी) के कार्यालय में भी तलाश अभियान चलाया जा रहा है।
बनर्जी ने दावा किया कि प्रवर्तन निदेशालय सत्तारूढ़ पार्टी की आंतरिक रणनीति, उम्मीदवारों की सूचियां और गोपनीय डिजिटल सामग्री तक पहुंचने की कोशिश कर रहा था। उन्होंने कहा कि ऐसी जानकारी का किसी भी वित्तीय जांच से कोई संबंध नहीं है।
गृह मंत्री पर हमला
मुख्यमंत्री ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर तीखा हमला करते हुए पूछा, ‘‘वे हमारी पार्टी की हार्ड डिस्क, रणनीति और योजनाओं को चुराने की कोशिश कर रहे हैं। क्या राजनीतिक दलों के दस्तावेज एकत्र करना ईडी का काम है?’’
इस कार्रवाई को डराने-धमकाने का कृत्य बताते हुए बनर्जी ने कहा, “यह कानून लागू करना नहीं, बल्कि बदले की राजनीति है। गृह मंत्री एक सबसे खराब गृह मंत्री की तरह व्यवहार कर रहे हैं, न कि देश की रक्षा करने वाले किसी व्यक्ति की तरह।’’ तलाश अभियान की सटीक प्रकृति और जांच के दायरे से जुड़े मामले का विवरण तुरंत स्पष्ट नहीं हो सका। ईडी या आई-पीएसी की ओर से इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।