

निधि, सन्मार्ग संवाददाता
हावड़ा : दुर्गापूजा से पहले उत्तर 24 परगना के कैजुरी निवासी बलाई कर्मकार और उनकी पत्नी को जिंदगी का सबसे बड़ा तोहफा मिला। हावड़ा थाना पुलिस की पहल से उनका लापता इकलौता बेटा नयन कर्मकार सुरक्षित मिल गया। बेटे को सामने पाकर दंपती की आंखों में खुशी के आंसू छलक पड़े। बलाई कर्मकार बेहद अभाव में दिहाड़ी मजदूरी कर पत्नी और इकलौते बेटे के साथ किसी तरह परिवार चलाते हैं। कुछ महीने पहले नयन अपने कुछ साथियों के साथ काम करने महाराष्ट्र के पुणे गया था। दुर्गापूजा के मद्देनजर छुट्टी मिलने पर वह साथियों के साथ घर लौट रहा था। हावड़ा स्टेशन पहुंचने के बाद नयन ने दोस्तों से कहा कि वह किसी रिश्तेदार से मिलने के बाद घर जाएगा।
भटकते मिले नयन, पुलिस ने परिजनों को दी सूचना
इसके बाद उसका कोई पता नहीं चला और मोबाइल फोन भी बंद हो गया। परेशान माता-पिता ने स्थानीय थाने में इसकी सूचना दी। इस बीच हावड़ा थाना पुलिसकर्मियों की नजर रास्ते में भटक रहे नयन पर पड़ी। उसकी मानसिक स्थिति को देखते हुए पुलिस ने पहले उसकी स्वास्थ्य जांच कराई और फिर उसे थाने ले आई। पूछताछ में उसके घर की जानकारी मिलने के बाद स्थानीय थाने के माध्यम से परिजनों को सूचना दी गई। आज सुबह बलाई कर्मकार अपनी पत्नी के साथ हावड़ा थाना पहुंचे। पहचान और आवश्यक कागजी कार्रवाई पूरी करने के बाद वे अपने बेटे को साथ लेकर घर लौटे। इस दौरान दंपती ने भावुक होकर हावड़ा थाना पुलिसकर्मियों का आभार जताया।