

सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजयपुरम : 28 सितंबर को अंडमान स्थित वीर सावरकर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर एक फर्जी बम धमकी ईमेल मिलने से सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया। दोपहर को जैसे ही यह धमकीभरा ईमेल प्राप्त हुआ, सीआईएसएफ और स्थानीय सुरक्षा बलों ने तुरंत मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) लागू कर पूरे हवाई अड्डे की गहन तलाशी अभियान शुरू कर दिया।
सुरक्षा अधिकारियों ने बताया कि तलाशी के दौरान कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली, और यह स्पष्ट हुआ कि यह ईमेल पूरी तरह से झूठा और भ्रामक था। प्रारंभिक जांच से संकेत मिला है कि यह ईमेल असामाजिक और राष्ट्रविरोधी तत्वों द्वारा भेजा गया था, जिनका उद्देश्य केवल दहशत फैलाना और हवाई अड्डे की सामान्य गतिविधियों को बाधित करना था।
सूत्रों के अनुसार, वीर सावरकर हवाई अड्डा अकेला निशाना नहीं था। देशभर में करीब 28 हवाई अड्डों को इसी तरह के धमकीभरे ईमेल भेजे गए, जिनमें जम्मू हवाई अड्डा और श्री विजयपुरम का वीर सावरकर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा भी शामिल है। इन घटनाओं के बाद सभी संबंधित हवाई अड्डों पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
धमकी के बाद कुछ समय के लिए यात्रियों में घबराहट और असमंजस की स्थिति रही, लेकिन सुरक्षा एजेंसियों की त्वरित कार्रवाई से हालात पर जल्दी काबू पा लिया गया। तलाशी अभियान के बाद हवाई अड्डे पर सामान्य परिचालन बहाल कर दिया गया।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि ऐसी घटनाओं को गंभीरता से लिया जा रहा है, और साइबर विशेषज्ञों की मदद से ईमेल भेजने वाले की पहचान की जा रही है। संबंधित एजेंसियां मामले की गंभीर जांच कर रही हैं।