मुख्यमंत्री पर टिप्पणी मामले में बीजेपी प्रत्याशी रत्ना देबनाथ को अदालती समन

तकनीकी गलती के कारण लेने से इनकार
BJP candidate Ratna Debnath refused a court summon delivered by Khardah Police citing incorrect details of her husband.
फाइल फोटो REP
Published on

निधि, सन्मार्ग संवाददाता

पानीहाटी: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के बीच पानीहाटी सीट से बीजेपी उम्मीदवार रत्ना देबनाथ (अभया की माँ) की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के खिलाफ कथित तौर पर अभद्र भाषा का प्रयोग करने के मामले में बैरकपुर ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट ने उन्हें समन जारी किया है। बुधवार को खड़दह थाने की पुलिस जब यह समन लेकर उनके घर पहुँची, तो उन्होंने इसे स्वीकार करने से मना कर दिया।

'पति का नाम गलत', रत्ना देवी का तर्क

रत्ना देबनाथ ने समन न लेने के पीछे एक बड़ा तकनीकी कारण बताया है। उन्होंने दावा किया कि पुलिस द्वारा लाए गए कानूनी नोटिस में उनके पति का नाम गलत दर्ज था। उन्होंने स्पष्ट किया कि गलत जानकारी वाले किसी भी कानूनी दस्तावेज को वह स्वीकार नहीं करेंगी।

रत्ना बोलीं- "मुझे डराया नहीं जा सकता",

इस कार्रवाई पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए रत्ना देबनाथ ने तृणमूल कांग्रेस पर 'दोहरी राजनीति' का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, "एक तरफ भतीजा यहाँ आकर शिष्टाचार की बातें करता है और कहता है कि मुझ पर हमला न किया जाए, वहीं दूसरी तरफ बुआ की पुलिस मुझे परेशान करने के लिए समन भेज रही है।" उन्होंने आगे आरोप लगाया कि नामांकन के दिन से ही उन पर हमले की कोशिश की जा रही है। रत्ना देवी ने दृढ़ता से कहा कि वे इन दबावों के आगे झुकेंगी नहीं क्योंकि उन्होंने पहले ही अपनी बेटी को खो दिया है और अब उन्हें किसी चीज का डर नहीं है। मुझे डराया नहीं जा सकता,

संबंधित समाचार

No stories found.

कोलकाता सिटी

No stories found.

खेल

No stories found.
logo
Sanmarg Hindi daily
sanmarg.in