

सन्मार्ग संवाददाता
बैरकपुर: भारतीय सेना द्वारा बैरकपुर छावनी के केंद्रीय विद्यालय में ग्रुप 'सी' पदों (ट्रेड्समैन) की भर्ती के लिए आयोजित एक परीक्षा में नकल का एक बड़ा मामला सामने आया है। परीक्षा के दौरान 23 अभ्यर्थियों को ब्लूटूथ डिवाइस और ईयरफोन का उपयोग करते हुए पकड़ा गया, जिससे परीक्षा की शुचिता भंग करने की कोशिश नाकाम हो गई।
बैरकपुर कमिश्नरेट के डीसी सेंट्रल इंद्रबदन झा ने बताया कि यह घटना तब हुई जब परीक्षा अधिकारियों को कुछ उम्मीदवारों पर संदेह हुआ। उनकी गतिविधियां असामान्य लग रही थीं। जब उनकी तलाशी ली गई, तो उनके पास से छोटे-छोटे इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस बरामद हुए, जिनमें ब्लूटूथ और ईयरफोन शामिल थे। इन डिवाइसों का इस्तेमाल वे नकल करने के लिए कर रहे थे, संभवतः बाहरी लोगों से मदद लेकर।
परीक्षा संचालन समिति ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इन सभी 23 अभ्यर्थियों को तुरंत हिरासत में ले लिया और उनके डिवाइस जब्त कर लिए। इसके बाद, इसकी सूचना तत्काल बैरकपुर पुलिस स्टेशन को दी गई। सभी 23 आरोपियों को बरामद किए गए उपकरणों के साथ पुलिस के हवाले कर दिया गया।
गिरोह के तार हरियाणा और उत्तर प्रदेश से जुड़े
पुलिस द्वारा की गई प्रारंभिक पूछताछ में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। गिरफ्तार किए गए 23 लोगों में से 21 हरियाणा के और 2 उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं। यह दर्शाता है कि यह एक संगठित गिरोह हो सकता है जो पैसे लेकर अभ्यर्थियों को नकल कराने में मदद करता है। पुलिस अब इस गिरोह के सरगनाओं का पता लगाने की कोशिश कर रही है, जो इन अभ्यर्थियों को डिवाइस और नकल सामग्री मुहैया करा रहे थे।
इस मामले में शिकायत के आधार पर बैरकपुर पुलिस स्टेशन में बीएनएस, 2023 की धारा 223/318(2)/318(3)/3(5)/61(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है। इन धाराओं के तहत धोखाधड़ी, आपराधिक साजिश और परीक्षा में अनुचित साधनों के उपयोग के आरोप लगाए गए हैं। पुलिस ने सभी अभियुक्तों को हिरासत में लेकर गहन पूछताछ शुरू कर दी है।
यह घटना उन लाखों ईमानदार युवाओं के लिए एक झटका है जो कड़ी मेहनत करके सरकारी नौकरी पाना चाहते हैं। पुलिस का मानना है कि इस गिरफ्तारी से भविष्य में ऐसी घटनाओं पर रोक लगाने में मदद मिलेगी। इस मामले की जांच से और भी कई खुलासे होने की उम्मीद है, जिससे इस तरह के संगठित अपराधों पर लगाम लगाई जा सकेगी।