

जयपुर : राजस्थान विधानसभा में शुक्रवार को कांग्रेस के विधायकों ने सरकारी स्कूलों के जर्जर भवनों, सामाजिक सुरक्षा पेंशन और OBC छात्रवृत्ति के मुद्दे को लेकर सदन से बहिर्गमन किया। सदन में प्रश्नकाल के दौरान सरकारी स्कूलों के भवनों की स्थिति को लेकर सत्तारूढ़ BJP और विपक्षी कांग्रेस के विधायकों के बीच तीखी बहस हुई।
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने राज्य सरकार पर सरकारी स्कूलों के बुनियादी ढांचे की बदहाल स्थिति को नजरअंदाज करने का आरोप लगाते हुए कहा कि कुछ स्कूल मंदिरों और पोल्ट्री फार्म से चलाए जा रहे हैं।
जूली ने कहा कि राज्य के सरकारी स्कूलों के 45,365 भवनों में से लगभग 41,000 को मरम्मत की जरूरत है और जबकि 3,768 स्कूल भवन जर्जर चिन्हित हैं लेकिन केवल 2,588 को ही आधिकारिक तौर पर असुरक्षित घोषित किया गया है।
BJP विधायक संदीप शर्मा के एक सवाल के जवाब में शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने कहा कि सभी असुरक्षित स्कूल भवनों को ध्वस्त किया जाएगा।
दिलावर ने कहा कि पूर्ववर्ती सरकार की ओर से विद्यालय के भवनों के निर्माण एवं मरम्मत की गुणवत्ता के संबंध में कोई ठोस एवं सकारात्मक कार्य नहीं किया गया। उन्होंने सदन को आश्वस्त किया कि वर्तमान सरकार में पूर्ण जिम्मेदारी से कार्य होंगे।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार विद्यालयों के जर्जर भवनों की मरम्मत चरणबद्ध रूप से कराएगी। साथ ही, भविष्य में विद्यालयों के नए भवनों के निर्माण कार्यों में उनकी निर्माण तिथि, मरम्मत तिथि एवं अंतिम उपयोग तिथि भी निर्धारित की जाएगी। इससे भवनों की समयबद्ध निगरानी सम्भव हो सकेगी और सुरक्षा की दृष्टि से आवश्यकता पड़ने पर समय रहते ही उन्हें ध्वस्त किया जा सकेगा।
इस मुद्दे को लेकर नेता प्रतिपक्ष व मंत्री के बीच बहस हुई। दोनों पक्षों के अन्य विधायक भी इसमें शामिल हो गए। वहीं, सामाजिक सुरक्षा पेंशन और अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) छात्रवृत्ति से संबंधित प्रश्नों का जवाब दिए जाने के दौरान भी सत्ता पक्ष व विपक्ष के बीच बहस हुई।
जूली ने सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री द्वारा प्रस्तुत आंकड़ों पर असंतोष व्यक्त किया। विपक्ष ने सरकार पर स्पष्ट जवाब देने से बचने का आरोप लगाते हुए सदन से बहिर्गमन कर दिया। विधानसभा में पिछली कांग्रेस सरकार के दौरान घोषित राजस्थान रोडवेज के छह डिपो शुरू नहीं होने को लेकर भी बहस हुई।
जूली और कांग्रेस के विधायक अमित चाचाण ने BJP सरकार पर कांग्रेस की पूर्ववर्ती सरकार की परियोजनाओं को रोकने का आरोप लगाया। उपमुख्यमंत्री और परिवहन मंत्री डॉ. प्रेम चंद बैरवा ने कहा कि पिछली सरकार द्वारा राज्य में विभिन्न स्थानों पर बस डिपो बनाए जाने की घोषणाएं की गई, लेकिन संचालन नहीं किया गया।
वहीं मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में मौजूदा सरकार ने केकड़ी बस डिपो की घोषणा कर संचालन भी कर दिया है।