योग दिवस 2026 : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिया ‘योग से विश्व विकास’ का संदेश

रेड रोड पर 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस का भव्य आयोजन
12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रेड रोड पर आयोजित कार्यक्रम में योगाभ्यास करते प्रधानमंत्री Narendra Modi
12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रेड रोड पर आयोजित कार्यक्रम में योगाभ्यास करते प्रधानमंत्री Narendra Modi
Published on

सन्मार्ग संवाददाता

कोलकाता : 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर कोलकाता के रेड रोड पर भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। इस अवसर पर प्रधानमंत्री Narendra Modi ने आम नागरिकों के बीच पहुंचकर योगाभ्यास किया और कार्यक्रम का निरीक्षण किया। प्रधानमंत्री ने इस अवसर पर “योग से विश्व का विकास” का संदेश देते हुए कहा कि योग ने पूरी दुनिया को जोड़ने का कार्य किया है। उन्होंने बताया कि योग आज 192 से अधिक देशों में मनाया जा रहा है और यह भारत की प्राचीन परंपरा को वैश्विक पहचान दिलाने का माध्यम बन चुका है।

रेड रोड पर आयोजित 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रम के अवसर पर उपस्थित प्रधानमंत्री Narendra Modi और मुख्यमंत्री Suvendu Adhikari
रेड रोड पर आयोजित 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रम के अवसर पर उपस्थित प्रधानमंत्री Narendra Modi और मुख्यमंत्री Suvendu Adhikari

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री Suvendu Adhikari सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। पूरा आयोजन एक जन-उत्सव के रूप में देखने को मिला, जहाँ आम लोग भी उत्साहपूर्वक योगाभ्यास में शामिल हुए। प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि योग केवल युवाओं तक सीमित नहीं है, बल्कि यह हर आयु वर्ग के लिए आवश्यक है। उन्होंने कहा कि योग जीवनशैली का अभिन्न हिस्सा होना चाहिए, जो न केवल शरीर को स्वस्थ रखता है बल्कि मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा भी प्रदान करता है।

12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रेड रोड पर आयोजित कार्यक्रम में योगाभ्यास करते प्रधानमंत्री Narendra Modi
रेड रोड पर योग दिवस: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में भव्य आयोजन

उन्होंने यह भी कहा कि नियमित योगाभ्यास से वृद्धावस्था में भी ऊर्जा और सक्रियता बनी रहती है। योग जीवन की कार्यक्षमता को बढ़ाता है और तनावमुक्त, संतुलित जीवन जीने में सहायता करता है। प्रधानमंत्री ने सभी नागरिकों से अपील की कि वे योग को केवल एक दिन का अभ्यास न मानें, बल्कि इसे पूरे वर्ष अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं और इसे आने वाली पीढ़ियों तक पहुँचाएं। यह आयोजन योग को एक वैश्विक जन-आंदोलन के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ, जिसने स्वास्थ्य, एकता और विश्व कल्याण का संदेश दिया।

Google पर संवाद सर्च बनाएं →
logo
Sanmarg Hindi daily
sanmarg.in