पुलिस के ब्रेथ एनालाइजर होंगे और भी अत्याधुनिक

दुर्गा पूजा से पहले 200 मशीनों की होगी कैलिब्रेशन
फाइल फोटो
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सन्मार्ग संवाददाता

कोलकाता : दुर्गा पूजा के दौरान शराब पीकर वाहन चलाने वालों पर शिकंजा कसने के लिए कोलकाता पुलिस ने कमर कस ली है। लालबाजार की ओर से महानगर के थानों और ट्रैफिक गार्ड के पास मौजूद करीब 200 ब्रेथ एनालाइजर की जांच और कैलिबेरेशन कराने का फैसला किया गया है। इस पूरी प्रक्रिया पर करीब 13 लाख रुपये खर्च होने की संभावना है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, पिछले कुछ समय से कई मामलों में ब्रेथ एनालाइजर की रीडिंग को लेकर सवाल उठे हैं। कई बार पुलिसकर्मियों को वाहन चालक के शराब के नशे में होने का संदेह हुआ, लेकिन मशीन में शराब की मात्रा अपेक्षाकृत कम दिखाई दी। ऐसे में पुलिस अब सभी मशीनों की जांच कर उनकी माप की सटीकता सुनिश्चित करना चाहती है। गौरतलब है कि दुर्गा पूजा के दौरान महानगर में वाहनों की आवाजाही और लोगों की भीड़ काफी बढ़ जाती है। इसके साथ ही शराब पीकर कार या बाइक चलाने की घटनाओं को रोकना भी पुलिस के लिए बड़ी चुनौती रहती है।

इसे देखते हुए पूजा से पहले ही विभिन्न इलाकों में नाका चेकिंग बढ़ाने की तैयारी है। नाका चेकिंग के दौरान वाहन रोककर चालक से ब्रेथ एनालाइजर में फूंक देने को कहा जाता है। आमतौर पर मशीन को चालक के मुंह से कुछ सेंटीमीटर की दूरी पर रखकर जांच की जाती है। पुलिस के अनुसार, रीडिंग निर्धारित सीमा से अधिक होने पर चालक के खिलाफ कार्रवाई की जाती है। ज्यादा मात्रा मिलने पर वाहन को रोक दिया जाता है और चालक को आगे वाहन चलाने की अनुमति नहीं दी जाती। जरूरत पड़ने पर अस्पताल में भी जांच कराई जा सकती है। पुलिस सूत्रों के अनुसार मशीनों की सही कैलिब्रेशन से शराब पीकर वाहन चलाने वालों की पहचान अधिक सटीक तरीके से की जा सकेगी। साथ ही, कार्रवाई के दौरान मशीन की रीडिंग को लेकर उठने वाले सवालों को भी कम किया जा सकेगा। पुलिस का मुख्य उद्देश्य नशे में वाहन चलाने के कारण होने वाली सड़क दुर्घटनाओं पर रोक लगाना है।

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