सरकारी अस्पतालों में 24 घंटे ‘लाइव मॉनिटरिंग’

सीएम शुभेंदु अधिकारी ने उठाये सराहनीय कदम
शुभेंदु अधिकारी
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कोलकाता : मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व वाली राज्य सरकार ने सभी सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने और दलाल तंत्र पर रोक लगाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने शनिवार को घोषणा की कि स्वास्थ्य भवन से राज्य के अस्पतालों की 24 घंटे ‘लाइव मॉनिटरिंग’ की जाएगी।

इसके लिए एक केंद्रीय कंट्रोल रूम स्थापित किया जा रहा है, जहां से अस्पतालों की गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जाएगी। विधाननगर महकमा अस्पताल में गर्भाशय ग्रीवा (सर्वाइकल) कैंसर टीकाकरण अभियान की शुरुआत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अस्पतालों में दलालों की गतिविधियों और मरीजों को अनावश्यक रूप से रेफर किए जाने के मामलों पर सरकार की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति रहेगी।

उन्होंने बताया कि एक गंभीर मरीज को रेफर किए जाने के मामले में कोलकाता मेडिकल कॉलेज के अधीक्षक को निलंबित भी किया गया है। मुख्यमंत्री के अनुसार, प्रारंभिक चरण में सभी जिला अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों को इस निगरानी व्यवस्था से जोड़ा जाएगा। कंट्रोल रूम से यह देखा जाएगा कि डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मी मौजूद हैं या नहीं, मरीजों को उचित उपचार मिल रहा है या नहीं, अस्पताल परिसर साफ-सुथरा है या नहीं तथा कहीं दलाल तंत्र सक्रिय तो नहीं है।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने राज्य में सर्वाइकल कैंसर टीकाकरण कार्यक्रम का भी शुभारंभ किया। उन्होंने बताया कि 14 वर्ष की किशोरियों को यह टीका सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में निःशुल्क उपलब्ध कराया जाएगा। केंद्र सरकार ने इसके लिए पश्चिम बंगाल को 7.72 लाख से अधिक डोज उपलब्ध करायी है और फिलहाल 235 स्वास्थ्य केंद्रों में अभियान शुरू किया गया है।

इसके अलावा मुख्यमंत्री ने एसएसकेएम अस्पताल में 100 नये बिस्तरों का उद्घाटन किया और कहा कि छह करोड़ से अधिक लोगों को आयुष्मान भारत योजना के दायरे में लाया जाएगा। साथ ही, राज्य सरकार उत्तर बंगाल में एम्स की स्थापना के लिए जमीन की तलाश कर रही है।

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