

श्रीभूमि: भारत-बांग्लादेश सीमा के पास गुरुवार सुबह लापता हुआ असम के श्रीभूमि जिले का 35 वर्षीय मछुआरा बलाई नमसुद्र रात में बांग्लादेश में मिला। बांग्लादेश बॉर्डर गार्ड (BGB) ने दावा किया है कि उसे हथियार और ड्रग्स के साथ गिरफ्तार किया गया है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। बलाई नमसुद्र श्रीभूमि जिले के गोविंदपुर गांव का रहने वाला है। यह गांव भारत-बांग्लादेश सीमा पर लगी बाड़ के बाहर स्थित है। परिवार के मुताबिक, बलाई पेशे से मछुआरा है और रोजाना सीमा स्तंभ के पास मछली पकड़ने जाता था। बलाई की पत्नी ममता नमसुद्र ने बताया कि गुरुवार सुबह करीब 5.30 बजे वह पिछली शाम लगाए गए जाल से मछली निकालने के लिए सीमा के पास गया था। आमतौर पर वह कुछ घंटों में वापस लौट आता था, लेकिन दोपहर तक नहीं लौटने पर परिवार ने उसकी तलाश शुरू की और शाम को श्रीभूमि सदर पुलिस थाने में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई। ममता के मुताबिक, बाद में उन्हें पता चला कि बलाई बांग्लादेश में है। गुरुवार को ही बांग्लादेश से किसी व्यक्ति ने उनसे संपर्क कर बलाई के वोटर आईडी, आधार कार्ड और पासपोर्ट की फोटोकॉपी मांगी। उन्हें बताया गया कि बलाई को अवैध रूप से बांग्लादेश में प्रवेश करने के आरोप में पकड़ा गया है और दस्तावेजी कार्रवाई पूरी होने के बाद उसे वापस भेज दिया जाएगा। हालांकि, इसके बाद भी बलाई के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली।
BGB का दावा- हथियार और 500 याबा टैबलेट बरामद
BGB के अनुसार, बलाई को 27 अगस्त को मौलवीबाजार जिले के बरलेखा उपजिला के कुमारशैल सीमावर्ती इलाके में एक विशेष अभियान के दौरान पकड़ा गया। BGB ने दावा किया कि उसके पास से विदेश में निर्मित एक पिस्तौल, .22 बोर के दो कारतूस और 500 याबा टैबलेट बरामद की गईं। BGB ने सोशल मीडिया पोस्ट में आरोप लगाया कि भारतीय सीमा की ओर से तस्करों का एक समूह बांग्लादेश में दाखिल हुआ और सुरक्षा बलों का सामना होने पर उन पर गोलीबारी की। BGB के मुताबिक, जवानों ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसके बाद तस्करों ने भागने की कोशिश की। पीछा करने के दौरान एक भारतीय व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया। BGB ने दावा किया कि शुरुआती पूछताछ के आधार पर गिरफ्तार व्यक्ति सीमा आधारित तस्करी नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है और बरामद हथियार व ड्रग्स भारत से बांग्लादेश में सप्लाई के लिए लाए गए थे। एजेंसी ने एक वीडियो भी जारी किया, जिसमें बलाई का वोटर आईडी और अन्य दस्तावेज दिखाए गए हैं।
पत्नी ने आरोपों को बताया गलत, PM से लगाई मदद की गुहार
बलाई की पत्नी ने BGB के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उनका पति सामान्य मछुआरा है और उसे फंसाया गया है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से हस्तक्षेप कर पति को भारत वापस लाने की अपील की है। उन्होंने सवाल उठाया कि सीमा के बाहर रहने वाले एक सामान्य मछुआरे के पास पिस्तौल और इतनी बड़ी संख्या में याबा टैबलेट कैसे हो सकती हैं। श्रीभूमि के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (अपराध) त्रिनयन भुइयां ने बताया कि गुमशुदगी की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। चूंकि गांव सीमा की फेंसिंग के बाहर स्थित है और मामला अंतरराष्ट्रीय सीमा से जुड़ा है, इसलिए BSF के साथ समन्वय किया जा रहा है।
मामले को लेकर कई दौर की बातचीत चल रही
उन्होंने कहा कि मामले को लेकर कई दौर की बातचीत चल रही है और वरिष्ठ अधिकारी भी इसमें शामिल हैं। बांग्लादेश से सोशल मीडिया पर सामने आई जानकारी के आधार पर संबंधित अधिकारी पूरे मामले पर चर्चा करेंगे। BSF के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी बताया कि BGB ने शुक्रवार को याबा टैबलेट और पिस्तौल के साथ एक भारतीय नागरिक की गिरफ्तारी की जानकारी दी थी। दोनों पक्षों के बीच बातचीत जारी है। BSF अधिकारी ने कहा कि BGB के कुछ आरोप हैं, लेकिन किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले उनकी जांच जरूरी है।BSF के अनुसार, गोबिंदापुर भारतीय सीमा की ओर फेंसिंग के बाहर 'जीरो पॉइंट' क्षेत्र में स्थित है। फेंसिंग से करीब 150 मीटर के दायरे में आठ से नौ गांव आते हैं, जहां रहने वाले लोग भारतीय नागरिक हैं। ऐसे इलाकों में रहने वाले लोगों को फेंसिंग के भीतर बसाने के लिए सरकार पहले भी प्रयास कर चुकी है। फिलहाल बलाई नमसुद्र पर लगे तस्करी के आरोपों और उसके बांग्लादेश पहुंचने की परिस्थितियों की जांच दोनों देशों के संबंधित अधिकारी कर रहे हैं।