असम-अरुणाचल सीमा पर सुरक्षा बलों की बड़ी कार्रवाई, NSCN(IM) का कैडर गिरफ्तार

हथियारों की गतिविधियों और जबरन वसूली से जुड़े नेटवर्क की जांच तेज
असम-अरुणाचल सीमा पर सुरक्षा बलों की बड़ी कार्रवाई, NSCN(IM) का कैडर गिरफ्तार
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तिनसुकिया : असम-अरुणाचल प्रदेश सीमा क्षेत्र में उग्रवादी गतिविधियों, हथियारों की अवैध आवाजाही और जबरन वसूली के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता मिली है। 20 असम राइफल्स ने 28 अगस्त को असम के लेडो इलाके में विशेष अभियान चलाकर एनएससीएन (आईएम) के एक सक्रिय कैडर को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान अरुणाचल प्रदेश के चांगलांग जिले के नामटोक थाना क्षेत्र स्थित फांगसुन गांव निवासी एसएस सार्जेंट मेजर यांगसिन खोचा के रूप में हुई है। अधिकारियों के अनुसार, सुरक्षा बलों को लेडो क्षेत्र में एनएससीएन (आईएम) के एक कैडर की मौजूदगी और उसके कथित तौर पर हथियारों से जुड़ी गतिविधियों तथा जबरन वसूली में शामिल होने की विश्वसनीय खुफिया सूचना मिली थी। इसके बाद 20 असम राइफल्स ने 28 अगस्त को शाम करीब चार बजे विशेष अभियान शुरू किया। सुरक्षा बलों ने कार्रवाई के दौरान शाम करीब 6.35 बजे संदिग्ध कैडर को पकड़ लिया। उसके कब्जे से एक मोबाइल फोन और एक कैरी बैग बरामद किया गया।

चांगलांग में हथियार और कैडरों की आवाजाही की जानकारी

प्रारंभिक पूछताछ में खोचा से कथित तौर पर चांगलांग इलाके में हथियारों के साथ नए कैडरों की आवाजाही से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी मिली है। अधिकारियों के मुताबिक, पूछताछ में सामने आई जानकारियों की अभी जांच और पुष्टि की जा रही है। सुरक्षा सूत्रों के अनुसार, पूछताछ से इलाके में सक्रिय अन्य कैडरों की गतिविधियों और सुरक्षा बलों को निशाना बनाने की कथित योजनाओं के बारे में भी सुराग मिले हैं। अधिकारियों को खोचा के जबरन वसूली नेटवर्क में कथित रूप से अहम भूमिका निभाने का भी संदेह है। आरोप है कि वह क्षेत्र से वसूली गई रकम को संगठन के वरिष्ठ कैडरों तक पहुंचाने का काम करता था। पूछताछ में कथित तौर पर उसने इस नेटवर्क में अपनी भूमिका के बारे में भी जानकारी दी है। हालांकि, इन आरोपों की जांच अभी जारी है और जांच पूरी होने के बाद ही उसकी भूमिका को लेकर स्थिति स्पष्ट होगी।

पहले गिरफ्तार कैडर से कनेक्शन की जांच

सुरक्षा सूत्रों के मुताबिक, खोचा कथित तौर पर पहले गिरफ्तार किए जा चुके एनएससीएन (के-वाईए) के एसएस कैप्टन युमसेन कोंगकांग के निर्देश पर काम कर रहा था। इससे क्षेत्र में सक्रिय विभिन्न उग्रवादी नेटवर्क के बीच संभावित संपर्क की जांच भी महत्वपूर्ण हो गई है। अधिकारियों ने बताया कि पूछताछ के दौरान चांगलांग क्षेत्र में हथियारों और कैडरों की कथित घुसपैठ तथा सुरक्षा बलों पर संभावित हमले की योजनाओं से संबंधित जानकारी सामने आई है। हालांकि, अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि पूछताछ के दौरान मिली इन जानकारियों की स्वतंत्र पुष्टि जांच के स्तर पर की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और हथियारों की आवाजाही के स्रोत का पता लगाने में जुटी हैं।

अंतरराज्यीय सीमा क्षेत्र में निगरानी बढ़ी

लेडो और चांगलांग के आसपास का इलाका असम और अरुणाचल प्रदेश की सीमा से जुड़ा होने के कारण सुरक्षा की दृष्टि से संवेदनशील माना जाता है। सुरक्षा बलों ने इस क्षेत्र में हथियारों की अवैध आवाजाही, जबरन वसूली और उग्रवादी गतिविधियों पर निगरानी बढ़ा दी है। ताजा कार्रवाई को इसी व्यापक अभियान का हिस्सा माना जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, सीमा क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के साथ-साथ उग्रवादी संगठनों के वित्तीय नेटवर्क और हथियारों की आपूर्ति व्यवस्था को तोड़ने पर भी जोर दिया जा रहा है।

आगे की जांच जारी

सुरक्षा एजेंसियां गिरफ्तार कैडर से मिली जानकारी के आधार पर उसके संपर्कों, संगठन में उसकी भूमिका, हथियारों की आवाजाही और जबरन वसूली से जुड़े नेटवर्क की जांच कर रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ से मिली जानकारी के आधार पर आगे और गिरफ्तारियां या बरामदगी हो सकती है। फोटो: ताजा घटना से संबंधित उपलब्ध रिपोर्टों में गिरफ्तार कैडर की तस्वीर प्रकाशित की गई है। नीचे उपलब्ध तस्वीरों में से पहली तस्वीर 2026 की इस कार्रवाई से संबंधित रिपोर्ट में प्रकाशित तस्वीर है; दूसरी-तीसरी तस्वीरें पुरानी समान कार्रवाइयों की हैं, इसलिए उन्हें इस घटना की तस्वीर के रूप में इस्तेमाल न करें।

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