

सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजय पुरम -- कैंपबेल बे पंचायत समिति के प्रमुख ई. एस. राजेश ने हाल ही में अंडमान एवं निकोबार प्रशासन के मुख्य सचिव ज्ञानेश भारती से मुलाकात कर ग्रेट निकोबार द्वीप के निवासियों से जुड़ी परिवहन, स्वास्थ्य, ईंधन, बिजली, पहचान पत्र और विकास कार्यों से संबंधित समस्याएं उनके सामने रखीं।
राजेश ने श्री विजय पुरम और कैंपबेल बे के बीच मौजूदा साप्ताहिक जहाज सेवा को बढ़ाकर सप्ताह में दो बार करने की मांग की। उन्होंने वायुसेना की डोर्नियर सेवा के साथ अतिरिक्त उड़ानें उपलब्ध कराने का भी अनुरोध किया। उनका कहना था कि निर्धारित उड़ानों के रद्द होने अथवा सीमित उपलब्धता के कारण यात्रियों की संख्या बढ़ जाती है और स्थानीय लोगों को जरूरी यात्रा के लिए कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने परियोजनाओं से जुड़े सरकारी अधिकारियों, सलाहकारों और निजी कंपनियों के प्रतिनिधियों के लिए आवश्यकता के अनुसार अलग अतिरिक्त उड़ानों की व्यवस्था करने का सुझाव दिया, ताकि नियमित यात्री सेवाओं में स्थानीय आबादी को प्राथमिकता मिल सके।
स्वास्थ्य सेवाओं के संबंध में राजेश ने सरकारी चिकित्सक द्वारा रेफर किए गए मरीजों के लिए मुफ्त हवाई यात्रा की पुरानी व्यवस्था बहाल करने की मांग की। उनके अनुसार प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र से आगे के उपचार के लिए श्री विजय पुरम रेफर किए जाने वाले मरीजों को निर्धारित हवाई सेवा से यात्रा करने पर किराया देना पड़ रहा है। उन्होंने ऐसे मरीजों के लिए यात्रा पूरी तरह निशुल्क करने का अनुरोध किया।
आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति को लेकर उन्होंने ग्रेट निकोबार में रसोई गैस, पेट्रोल और डीजल की नियमित उपलब्धता सुनिश्चित करने की मांग की। उन्होंने कहा कि आवश्यक वस्तुओं की ढुलाई निजी जलयान संचालकों पर निर्भर रहने के कारण आपूर्ति व्यवस्था प्रभावित होती है। मांगपत्र में हाल में रसोई गैस की लंबी कमी और ईंधन आपूर्ति में बार-बार आने वाली बाधाओं का भी उल्लेख किया गया है।
बिजली आपूर्ति के मुद्दे पर उन्होंने हाई स्पीड डीजल की समय पर आपूर्ति और पर्याप्त सुरक्षित भंडार बनाए रखने की मांग की। उनके अनुसार ईंधन की आपूर्ति में देरी तथा सीमित भंडारण क्षमता के कारण बिजली उत्पादन प्रभावित होता है और द्वीपवासियों को बिजली कटौती का सामना करना पड़ता है।
राजेश ने ग्रेट निकोबार में द्वीपवासी पहचान पत्र जारी करने की प्रक्रिया फिर शुरू करने का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने बताया कि सहायक आयुक्त, कैंपबेल बे के कार्यालय में छपाई मशीन और संबंधित उपकरणों में तकनीकी समस्या के कारण प्रक्रिया प्रभावित हुई है। पात्र निवासियों, उनके जीवनसाथियों और बच्चों को पहचान पत्र व्यवस्था में शामिल करने की प्रक्रिया फिर शुरू करने की मांग की गई है। यह पहचान पत्र रियायती जहाज और हवाई टिकट जैसी सुविधाओं के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है।
सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने के लिए उन्होंने राज्य परिवहन सेवा में दो अतिरिक्त बसें उपलब्ध कराने की मांग की, ताकि ग्रेट निकोबार के मौजूदा मार्गों पर सेवा अधिक नियमित और प्रभावी हो सके।
पंचायती राज संस्थाओं के विकास कार्यों की स्वीकृति में देरी का मुद्दा भी मुख्य सचिव के सामने रखा गया।
राजेश ने कहा कि ग्राम पंचायतों, पंचायत समिति और जिला परिषद के विकास कार्यों के प्रस्ताव कई विभागों और प्राधिकरणों के पास भेजे जाने के कारण प्रक्रिया लंबी हो जाती है। उन्होंने अनापत्ति प्रमाणपत्र की प्रक्रिया सरल करने और जहां संभव हो, स्थानीय स्तर के सक्षम अधिकारियों को ऐसे मामलों में अधिकार देने की मांग की।
मुख्य सचिव ज्ञानेश भारती ने राजेश द्वारा उठाए गए मुद्दों को सुना और प्रशासन की ओर से आवश्यक कार्रवाई के लिए मामलों पर विचार करने का आश्वासन दिया।