

मुल्लांपुर : गुजरात टाइटंस को विरोधी टीमों और विशेषज्ञों ने एक ‘अनुमान लगाने लायक’ टीम करार दिया है लेकिन टीम के सहायक कोच पार्थिव पटेल ने 2022 में टीम की शुरुआत से ही उसकी जबरदस्त निरंतरता का उदाहरण देते हुए उनके रवैये का बचाव किया। टाइटंस ने 2022 में अपने पदार्पण सत्र में ही IPL जीता था और फ्रेंचाइजी के इतिहास में सिर्फ एक बार ही प्लेऑफ में जगह नहीं बना पाई है। शीर्ष क्रम में शुभमन गिल, साई सुदर्शन और जोस बटलर की मौजूदगी में टीम अपने पारंपरिक रवैये के साथ काफी असरदार रही है जबकि अन्य टीम के सलामी बल्लेबाज कहीं अधिक स्ट्राइक रेट से खेल रहे हैं।
टाइटंस की टीम शुक्रवार को यहां दूसरे क्वालीफायर में राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ खेलेगी और विरोधी टीम में वैभव सूर्यवंशी हैं जो 15 साल की उम्र में ही अपनी बल्लेबाजी से सुर्खियां बटोर रहे हैं। वह 680 रन के साथ टूर्नामेंट में सबसे अधिक रन बनाने वाले खिलाड़ी हैं और 242.85 के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी कर रहे हैं। लखनऊ सुपर जाइंट्स के क्रिकेट निदेशक टॉम मूडी ने कहा था कि टाइटंस के तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज और कागिसो रबाडा तब अधिक असरदार होते हैं जब पिच से उन्हें मदद मिलती है। मैच से एक दिन पहले पार्थिव ने कहा कि उन्हें अपना रवैया बदलने की कोई जरूरत नहीं है क्योंकि उन्होंने लीग में शीर्ष दो में जगह बनाई है और वे क्वालीफायर में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरू के हाथों मिली हार के बारे में अधिक सोचना नहीं चाहेंगे।
पार्थिव ने मैच की पूर्व संध्या पर कहा, ‘हम अंक तालिका टेबल में नंबर दो पर मजबूत स्थिति में थे। मुझे पता है कि दूसरी टीमें जो चाहें सोच सकती हैं। ऐसी छह टीम भी हैं जो क्वालीफाई नहीं कर पाईं और मुझे पता है कि आप जिन बातों का जिक्र कर रहे हैं वे टॉम मूडी ने गुजरात टाइटंस के बारे में कही हैं। लेकिन देखिए हम दूसरे नंबर पर रहे हैं और हम जानते हैं कि हम किस तरह की क्रिकेट खेलना चाहते हैं। और हमें खुद पर भरोसा है कि हम अच्छे नतीजे देंगे।’ उन्होंने कहा, ‘गुजरात टाइटंस की शुरुआत से अब तक पांच में से चार साल हमने क्वालीफाई किया है। नतीजे सबके सामने हैं। हर किसी का खेलने का अपना अलग तरीका होता है। हमारा खेलने की अपनी अलग शैली है। टूर्नामेंट के पहले हाफ में भी हम बहुत अच्छा नहीं कर रहे थे। हम बस ठीक-ठाक खेल रहे थे।’
पार्थिव ने कहा, ‘लेकिन फिर भी हम अपनी प्रक्रिया पर टिके रहे। हमें अपनी काबिलियत पर भरोसा है। हम जानते हैं कि हम क्या कर सकते हैं। और यही वह चीज है जिसे हम कल भी करने की कोशिश करेंगे।’ रॉयल्स के पास सूर्यवंशी और जोफ्रा आर्चर के रूप में ‘एक्स फैक्टर’ है जबकि टाइटंस की टीम निरंतरता पर निर्भर करती है। पार्थिव ने कहा, ‘जब तक हमें नतीजे मिल रहे हैं तब तक हमें इस बारे में सोचने की जरूरत नहीं है कि हमें एक्स फैक्टर चाहिए या निरंतरता। बात बस सभी चीजों को सही जगह पर लाने और नतीजा हासिल करने की है।’ भारत के पूर्व विकेटकीपर ने कहा कि उनके पास सूर्यवंशी के लिए कुछ योजनाएं हैं जो वे मैदान पर ही जाहिर करेंगे। पार्थिव ने कहा, ‘मैं अभी कमेंटेटर नहीं हूं इसलिए मैं अपनी योजना जाहिर नहीं कर पाऊंगा। जिस तरह से वह बल्लेबाजी कर रहे हैं, उसे लेकर मैं बहुत उत्साहित हूं। उम्मीद है कि हम उन्हें मैच की शुरुआत में ही आउट कर पाएंगे और अपनी योजना प्लान को सही तरीके से लागू कर पाएंगे।’