

राजेश, सन्मार्ग संवाददाता
कोलाघाट : पूर्व मिदनापुर जिले के कोलाघाट में अष्टमी की रात कथित रूप से फुचका (गोलगप्पे) खाने से बच्चों समेत 100 से ज़्यादा लोग बीमार पड़ गए। उनमें से कम से कम 10 को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अस्पताल के सूत्रों के मुताबिक, एक बच्चे की हालत गंभीर है। उसे तमलुक जिला अस्पताल में स्थानांतरित किया गया है। पुलिस ने घटना की जांच के बाद 2 फुचका बेचने वालों को गिरफ्तार कर लिया है। घटना कोलाघाट के सागरबाड़ ग्राम पंचायत इलाके की है। कोलाघाट ब्लॉक अस्पताल और पब्लिक हेल्थ प्रोटेक्शन ऑर्गनाइजेशन ने एक ज्ञापन देकर बीमारों का इलाज करने और सरकारी डॉक्टर की देखरेख में मेडिकल टीम भेजकर फुचका की क्वालिटी की जांच करने की मांग की है।
संगठन के ब्लॉक कमेटी के अधिकारी नारायण चंद्र नायक ने बताया कि रविवार, 18 अक्टूबर से अब तक पदमपुर, देउलबाड़, रेनुबाड़ और बरदाबाड़ गांवों के सौ से ज़्यादा लोग सागरबाड़ ग्राम पंचायत इलाके के दक्षिण सागरबाड़ गांव के रहने वाले संतोष मन्ना नाम के एक फुचका बेचने वाले से फुचका खाने के बाद बीमार पड़ गए हैं। उनमें से कम से कम 10 को लोकल पांसकुड़ा सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बाकी बीमार लोगों में से कई को घर पर सलाइन चढ़ा रहे हैं। पूर्व मिदनापुर जिला शासक निरंजन कुमार ने कहा कि उन्होंने जिले के मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमओएच) को फुचका सैंपल की जांच करने का आदेश दे दिया है। जिला पुलिस अधीक्षक पुलिस अंगशुमन साहा ने कहा कि उन्होंने घटना की जांच के आदेश दे दिए हैं।