

कोलकाता : मुख्यमंत्री शुभेदु अधिकारी के नेतृत्व वाली राज्य सरकार पर्वतारोहण और ट्रैकिंग को अधिक सुरक्षित, सुव्यवस्थित और पेशेवर बनाने के लिए नए नियम एवं दिशा-निर्देश लागू करने की तैयारी कर रही है। राज्य के खेल एवं युवा कल्याण विभाग के 'स्वतंत्र प्रभार राज्य मंत्री डॉ. इंद्रनील खाँ ने हाल ही में दार्जिलिंग स्थित हिमालयन माउंटेनियरिंग इंस्टीट्यूट (एचएमआई) के दौरे के बाद यह जानकारी दी। अधिकारियों के अनुसार, स्वतंत्रता के बाद पहली बार किसी राज्य के खेल मंत्री ने एचएमआई का दौरा किया।
सूत्रों के अनुसार, दौरे के दौरान मंत्री ने संस्थान की आधारभूत संरचना, प्रशिक्षण सुविधाओं और कार्यप्रणाली का निरीक्षण किया। इसके साथ ही उन्होंने अधिकारियों के साथ संस्थान के विकास और भविष्य की योजनाओं पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने कहा कि पर्वतारोहियों की सुरक्षा राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। ट्रैकिंग के दौरान होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए प्रशिक्षण व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जाएगा। साथ ही, बिना अनिवार्य प्रशिक्षण प्राप्त किए किसी को भी ट्रैकिंग अथवा पर्वतारोहण की अनुमति नहीं दी जाएगी। इसके लिए नए नियम बनाए जाएंगे।
डॉ. खाँ ने कहा कि कई पर्वतारोहियों ने उन्हें पिछली व्यवस्था से जुड़ी विभिन्न शिकायतों से अवगत कराया है। कुछ पर्वतारोहियों को सफलतापूर्वक शिखर फतह करने के बावजूद उनका बकाया भुगतान नहीं मिला, जबकि कई मामलों में आवश्यक प्रशिक्षण के बिना ही ट्रैकिंग की अनुमति दी जाने की शिकायतें भी सामने आई हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसी अनियमितताओं पर पूरी तरह रोक लगाई जाएगी। राज्य सरकार पर्वतारोहियों के हितों की रक्षा के लिए हरसंभव कदम उठाएगी तथा केंद्र सरकार के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर एचएमआई के विकास और पर्वतारोहण गतिविधियों को नई दिशा देने का प्रयास करेगी।