मालदह स्टेशन पर रेल मंत्री अश्वनी वैष्णव और राज्यपाल डॉक्टर सी वी आनंद बोस समेत मौजूद थे अन्य अधिकारी
मालदह : पूर्वी और उत्तर-पूर्वी भारत की रेल कनेक्टिविटी को ऐतिहासिक बढ़ावा देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल और असम को एक साथ विकास की नई पटरी पर लाने वाली कई अहम रेल व सड़क परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस अवसर पर भारत की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को हरी झंडी दिखाई गई, जो हावड़ा–गुवाहाटी (कामाख्या) मार्ग पर चलेगी और रात्रिकालीन लंबी दूरी की यात्रा को आधुनिक, सुरक्षित और आरामदायक बनाएगी।
प्रधानमंत्री ने कुल मिलाकर एक दर्जन से अधिक नई ट्रेनों की सौगात दी, जिनमें 9 अमृत भारत एक्सप्रेस, 2 एक्सप्रेस ट्रेनें और 1 पैसेंजर ट्रेन शामिल हैं। वंदे भारत स्लीपर ट्रेन अत्याधुनिक एयरोडायनामिक डिजाइन, 180 किमी प्रतिघंटा तक की गति क्षमता, आरामदायक स्लीपर बर्थ, आधुनिक शौचालय, स्वचालित दरवाजे और स्वदेशी कवच सुरक्षा प्रणाली से लैस है। इससे हावड़ा–गुवाहाटी यात्रा समय में लगभग 2.5 से 3 घंटे की बचत होगी।
अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों के माध्यम से न्यू जलपाईगुड़ी, अलीपुरदुआर, कोलकाता, गुवाहाटी और डिब्रूगढ़ जैसे प्रमुख केंद्र सीधे देश के दक्षिण, पश्चिम और उत्तर भारत से जुड़ेंगे। इससे पश्चिम बंगाल, असम, बिहार, ओडिशा, उत्तर प्रदेश, तमिलनाडु, कर्नाटक, महाराष्ट्र सहित कई राज्यों को लाभ मिलेगा।
इसके साथ ही 3500 रुपये करोड़ से अधिक की प्रमुख रेल व सड़क अवसंरचना परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया गया। इनमें बालुरघाट–हिली नई रेल लाइन, सिलीगुड़ी लोको शेड का उन्नयन, न्यू जलपाईगुड़ी में फ्रेट और वंदे भारत रखरखाव सुविधाएं, न्यू कूचबिहार रेल खंडों का विद्युतीकरण तथा एनएच-27 के धूपगुड़ी–फालाकाटा फोरलेन का विकास शामिल है।
इन परियोजनाओं से न केवल यात्रा सुगम होगी, बल्कि व्यापार, पर्यटन, रोजगार और क्षेत्रीय विकास को भी नई गति मिलेगी जिससे ‘विकसित बंगाल, विकसित भारत’ का संकल्प और मजबूत होगा। मालदह स्टेशन पर रेल मंत्री अश्वनी वैष्णव और राज्यपाल डॉक्टर सी वी आनंद बोस समेत अन्य अधिकारी मौजूद थे।