नौकरी दिलाने के नाम पर 38 लाख की ठगी

12 लोगों पर फर्जी कर्मचारी बनकर रुपये ऐंठने का आरोप
नौकरी दिलाने के नाम पर 38 लाख की ठगी
Published on

खड़दह : पश्चिम बंगाल स्टेट इलेक्ट्रिसिटी डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (WBSEDCL) में नौकरी दिलाने का झांसा देकर 38 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। खड़दह थाना क्षेत्र के एक व्यक्ति की शिकायत पर पुलिस ने 12 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू की है। आरोप है कि सभी ने खुद को WBSEDCL का कर्मचारी बताकर नौकरी का भरोसा दिलाया और इसके बदले मोटी रकम वसूल की। शिकायतकर्ता को कथित तौर पर फर्जी ऑफर लेटर भी दिए गए। पुलिस के अनुसार, आदर्शपल्ली निवासी मुकुल घोष ने थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत के मुताबिक, 27 जुलाई को किसी समाचारपत्र में WBSEDCL में नौकरी की रिक्तियों से संबंधित विज्ञापन प्रकाशित हुआ था। विज्ञापन देखने के बाद मुकुल, उनके बेटे और बहनोई ने नौकरी के लिए आवेदन किया। इसके बाद आरोपितों ने उनसे संपर्क किया। शिकायत में कहा गया है कि अतनु दास, राजेंद्र प्रसाद, प्रसनजीत राय, देबास्मिता बोस, अमित बनर्जी, अनुपम बोस, अरिंदम चौधरी, अभय बनर्जी, सनातन मिस्त्री, सौविक बनर्जी, सोनाली पाल और प्रशांत सरकार ने खुद को कंपनी का कर्मचारी बताया। आरोप है कि नौकरी लगवाने का भरोसा देकर अलग-अलग चरणों में शिकायतकर्ता से कुल 38 लाख रुपये ले लिये गये। शिकायतकर्ता का आरोप है कि रकम लेने के बाद उसे कंपनी के नाम पर कुछ दस्तावेज और ऑफर लेटर भी दिए गए, लेकिन निर्धारित समय बीतने के बावजूद न तो नौकरी मिली और न ही ज्वाइनिंग लेटर जारी हुआ। इसके बाद ठगी का संदेह होने पर उसने पुलिस से संपर्क किया। मुकुल घोष की शिकायत के आधार पर खड़दह थाने की पुलिस ने मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपों की जांच के साथ दस्तावेजों और रुपये के लेनदेन से जुड़े साक्ष्यों की भी पड़ताल कर रही है।


Google पर सन्मार्ग न्यूज़ पडे →
logo
Sanmarg Hindi daily
sanmarg.in