

वाराणसी (उप्र) : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महिला सुरक्षा के नाम पर विरोधी पार्टियों को घेरते हुए बुधवार को कहा कि उन्होंने गुंडों से दो टूक कहा है कि ‘‘अगर बेटियों की सुरक्षा में सेंध लगाई तो जेल या जहन्नुम में दो में से एक चुनना होगा।’’
मुख्यमंत्री ने वाराणसी में आयोजित कामकाजी महिला सम्मान समारोह को सम्बोधित करते हुए दावा किया कि नौ साल पहले घर से बाहर निकलने में बहन-बेटियां डरती थीं, मगर आज उन्हें कोई चिंता नहीं है। मुख्यमंत्री ने विपक्षी दलों को घेरते हुए किसी का नाम लिये बगैर कहा, ''हम उन लोगों में नहीं हैं कि वोट बैंक के लिए किसी माफिया के सामने गिड़गिड़ाए।''
उन्होंने कहा, ''बहुत सारे लोग आएंगे आपके सामने, नई नई घोषणाएं करेंगे, जातीय आधार पर बाटेंगे, समाज को विभाजन की ओर ले जाने का पाप करेंगे लेकिन जब किसी दुर्दांत माफिया पर कार्रवाई करने की बात आएगी तो उनकी सिट्टी पिट्टी गुम हो जाएगी और वे मौन होकर गिड़गिड़ाने लगते हैं।'' आदित्यनाथ ने कहा, ''आज माफिया गुंडों को दो टूक बोल दिया गया है कि बेटी की सुरक्षा में सेंध लगाई तो जेल या जहन्नुम में दो में से एक चुनना होगा।''
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 में उनकी सरकार बनने से पहले राज्य में बेटियों की सुरक्षा का सवाल होता था। उन्होंने कहा कि चाहे कॉलेज जाना हो, किसी प्रशिक्षण में जाना हो, तो परिवार के सामने पहला सवाल होता था कि बेटी की सुरक्षा का क्या होगा। आदित्यनाथ ने कहा कि जब परिवार को सुरक्षा का भरोसा नहीं होता तो सबसे पहले बेटी के सपनों पर रोक लगती है, बेटी के सपनों पर विराम लग जाता है। उन्होंने कहा, ''इसीलिए हमने 2017 में तय किया कि बेटी को बढ़ाना है, पढ़ाना भी है, बेटी के रास्ते से भय भी समाप्त करना है।''
मुख्यमंत्री ने योजनाओं के क्रियान्वयन में आने वाली बाधाओं को दूर करने के सरकार के प्रयासों का जिक्र करते हुए कहा कि वर्तमान में एक ऐसा तंत्र तैयार किया गया है जिसमें योजनाओं के रास्ते में आने वाली तमाम बाधाओं को हटाकर लाभार्थी तक उनका फायदा पहुंचाने का कार्य हो रहा है। आदित्यनाथ ने कहा कि वाराणसी में पिछले 12 वर्ष में एक लाख करोड़ रुपये की परियोजनाएं या तो शुरू हो चुकी हैं या फिर पूरी की जा रही हैं।