सीएम योगी का सपा पर प्रहार, बोले- मंदिरों पर कब्जा कराने वाले आज हमें ज्ञान दे रहे हैं

कुशीनगर से सीएम योगी का सपा पर सियासी वार, कहा- मंदिरों पर कब्जा कराने वाले आज हमें आईना दिखा रहे हैं
Kushi Nagar
सीएम योगी का सपा पर प्रहार
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कुशीनगर : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को कुशीनगर के रामकोला-हाटा विधानसभा क्षेत्र में 525 करोड़ रुपये की लागत वाली 464 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया।

इस अवसर पर आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने समाजवादी पार्टी और पूर्ववर्ती सरकारों पर निशाना साधते हुए राज्य सरकार की विकास और धार्मिक स्थलों के संरक्षण संबंधी नीतियों का उल्लेख किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान समय में सभी धर्मों के लोग अपने-अपने त्योहार शांतिपूर्वक और स्वतंत्र रूप से मना रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा सरकार के दौरान दुर्गा पूजा, होली और डोल मेले जैसे आयोजनों पर विभिन्न प्रकार की पाबंदियां लगाई जाती थीं।

योगी ने कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों के कार्यकाल में मंदिरों की उपेक्षा हुई, जबकि उनकी सरकार मंदिरों के संरक्षण और सुंदरीकरण का कार्य कर रही है।योगी आदित्यनाथ ने आरोप लगाया कि पहले मंदिरों के विकास के लिए मिलने वाली धनराशि का उपयोग अन्य कार्यों में किया जाता था।

उन्होंने कहा कि प्रदेश में अब बिना किसी भेदभाव के विकास कार्य किए जा रहे हैं और हर क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं का विस्तार हो रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कुशीनगर में कृषि विश्वविद्यालय (एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी) का संचालन जल्द शुरू होगा, जिससे क्षेत्र के किसानों और युवाओं को लाभ मिलेगा।

उन्होंने कहा कि कुशीनगर में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं और सरकार इसे पर्यटन के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए लगातार कार्य कर रही है।

उन्होंने बताया कि नारायणी नदी के पार रहने वाले लोगों की बेहतर आवाजाही के लिए नए पुलों का निर्माण कराया जाएगा। साथ ही उन्होंने कहा कि सरकार गरीबों के कल्याण, युवाओं को रोजगार और किसानों के हितों के लिए संसाधनों की कोई कमी नहीं आने देगी।

मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि ड्यूटी के दौरान किसी शिक्षक के साथ दुर्घटना होने पर उसके परिजनों को 80 लाख रुपये से लेकर डेढ़ करोड़ रुपये तक की आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है।

अपने संबोधन के अंत में योगी आदित्यनाथ ने कहा कि रामायण काल से जुड़ी सांस्कृतिक विरासत और भगवान बुद्ध व भगवान महावीर की तपोभूमि रहे कुशीनगर में विकास की असीम संभावनाएं पहले से मौजूद थीं, लेकिन पूर्ववर्ती सरकारों की कथित उदासीनता के कारण यह क्षेत्र लंबे समय तक पिछड़ेपन और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझता रहा।

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