निधि, सन्मार्ग संवाददाता
हावड़ा: राज्य सरकार द्वारा आयोजित जनकल्याण शिविर में सरकारी सुविधाओं का लाभ लेने के लिए कतार में खड़ी एक महिला की घर लौटते समय रास्ते में तबीयत बिगड़ने से मौत हो गई। मृतका की पहचान दुइल्या ग्राम पंचायत के मिलबाजार क्षेत्र की निवासी शिप्रा दास के रूप में हुई है।
मिली जानकारी के अनुसार, सरकार ने 15 से 17 जून तक लोगों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ देने के लिए जनकल्याण शिविरों का आयोजन किया था। बुधवार को शिप्रा दास भी भीषण गर्मी की परवाह न करते हुए सांकराइल के एक शिविर में पहुंची थीं। शिविर में लंबे समय तक लाइन में खड़े रहने के बाद जब वह घर लौट रही थीं, तभी अंदुल राजपोल इलाके के पास उन्हें अचानक चक्कर आ गया और वह सड़क पर गिर पड़ीं।
स्थानीय निवासियों और स्कूली छात्रों ने तत्परता दिखाते हुए उन्हें उठाया और प्राथमिक उपचार देने की कोशिश की। हालत में सुधार न होने पर उन्हें तुरंत एक स्थानीय नर्सिंग होम ले जाया गया। मृतका की रिश्तेदार अर्पिता दास ने बताया कि जब उन्हें बेहतर इलाज के लिए अंदुल से उलुबेड़िया के एक निजी अस्पताल ले जाया जा रहा था, तभी धुलागढ़ के पास रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया। अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
इस दुखद घटना के बाद स्थानीय निवासियों में शिविर की अव्यवस्थाओं को लेकर भारी आक्रोश है। लोगों का आरोप है कि भीषण गर्मी के बावजूद शिविरों में छाया और पानी के पुख्ता इंतजाम नहीं थे। इस घटना के बाद से शिविरों में वरिष्ठ नागरिकों के लिए विशेष व्यवस्था और बुनियादी ढांचा सुधारने की मांग तेज हो गई है।