निधि, सन्मार्ग संवाददाता
हावड़ा: बंगाल की खाड़ी में बने गहरे निम्न दबाव के कारण हुई मूसलाधार बारिश ने हावड़ा और आसपास के इलाकों में जीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। बारिश थमने के बावजूद बेलूर स्थित ESI अस्पताल परिसर और उसके आपातकालीन विभाग में घुटनों तक पानी जमा है, जिससे अस्पताल की दैनिक स्वास्थ्य सेवाएं चरमरा गई हैं।
अस्पताल में पानी घुस जाने के कारण प्रशासन को आपातकालीन विभाग को छोड़कर कई महत्वपूर्ण सेवाएं स्थगित करनी पड़ी हैं। एक्स-रे, अल्ट्रासोनोग्राफी जैसी जरूरी जांचें रोक दी गई हैं और छोटे-मोटे ऑपरेशन टाल दिए गए हैं। इससे दूर-दराज से इलाज कराने आए मरीजों और उनके परिजनों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। मरीजों का आरोप है कि थोड़ी सी बारिश में पानी भरना इस अस्पताल की पुरानी समस्या है।
अस्पताल के सहायक अधीक्षक जयदीप पाल ने बताया कि अस्पताल का इलाका आसपास से काफी निचला है, इसलिए पूरे क्षेत्र का पानी यहीं इकट्ठा हो जाता है। फिलहाल पंप चलाकर पानी निकाला जा रहा है। उधर, स्थानीय विधायक ने बताया कि पूरे हावड़ा में जलनिकासी के लिए अतिरिक्त पंप लगाए गए हैं और भविष्य में इस समस्या से स्थायी रूप से निपटने के लिए एक 'मास्टर प्लान' तैयार किया जा रहा है।