जम्मू : जम्मू-कश्मीर में मंगलवार को भारी बारिश, भूस्खलन और बादल फटने की कई घटनाओं के कारण कम से कम 10 लोगों की मौत हो गयी है। इनमें वैष्णो देवी के 5 श्रद्धालु भी शामिल है जबकि डोडा में बादल फटने से 5 लोगों की मौत हुई है। कई पुल टूट गये हैं। सड़कें बह गयी हैं। सभी ट्रेने कैंसिल कर दी गयी हैं। हादसे के बाद वैष्णो देवी मंदिर की तीर्थयात्रा स्थगित कर दी गयी।
बढ़ सकता है मौत का आंकड़ा
अधिकारियों ने बताया कि मंगलवार दोपहर भारी बारिश के कारण त्रिकुटा पहाड़ी पर स्थित वैष्णो देवी मंदिर जाने वाले मार्ग पर भूस्खलन हो गया, जिसमें कम से कम 5 लोगों की मौत हो गयी और 14 अन्य घायल हो गये। गैर सरकारी आंकड़ों के अनुसार मरने वालों की संख्या 15 से अधिक हो सकती है। अधिकारियों ने बताया कि भूस्खलन के बाद रियासी जिले में स्थित इस प्रसिद्ध मंदिर की तीर्थयात्रा स्थगित कर दी गयी।
इंद्रप्रस्थ भोजनालय के पास बचाव अभियान जारी
उन्होंने बताया कि अधक्वारी स्थित इंद्रप्रस्थ भोजनालय के पास बचाव अभियान जारी है, जहां दोपहर करीब 3 बजे भूस्खलन हुआ था। पहाड़ी पर स्थित मंदिर तक जाने वाले 12 किलोमीटर के घुमावदार रास्ते के लगभग आधे रास्ते में यह आपदा आयी। हिमकोटि ट्रेक मार्ग पर सुबह से ही यात्रा स्थगित कर दी गयी थी लेकिन दोपहर 1.30 बजे तक पुराने मार्ग पर यात्रा जारी थी, जब अधिकारियों ने मूसलधार बारिश को देखते हुए इसे अगले आदेश तक स्थगित करने का फैसला किया। तीन दिन से लगातार हो रही बारिश ने जम्मू के कई हिस्सों में तबाही मचा दी है।
दशकों में सबसे भारी बारिश
इस बीच अधिकारियों ने बताया कि जम्मू क्षेत्र में लगातार भारी बारिश के कारण उत्तर रेलवे ने मंगलवार को कटरा, उधमपुर और जम्मू रेलवे स्टेशनों से आने-जाने वाली 18 ट्रेनें रद्द कर दी हैं। जम्मू क्षेत्र में सोमवार रात से दशकों में सबसे भारी बारिश हो रही है, जिससे पुल क्षतिग्रस्त हो गये, सड़क संपर्क बाधित हो गया और बड़े भूभाग जलमग्न हो गये। लोगों को सुरक्षित इलाकों में जाने के लिए मजबूर होना पड़ा। अधिकारियों ने बताया कि जम्मू-श्रीनगर और किश्तवाड़-डोडा राष्ट्रीय राजमार्गों पर यातायात रोक दिया गया है।