New Delhi
नीति आयोग के उपाध्यक्ष अशोक कुमार लाहिड़ी

विकसित बनना है तो बहुत सुधार करने होंगे : लाहिड़ी

तेज आर्थिक सुधारों और संरचनात्मक बदलावों की जरूरत
Published on: 

नयी दिल्ली : नीति आयोग के उपाध्यक्ष अशोक कुमार लाहिड़ी ने शुक्रवार को कहा कि भारत को वर्ष 2047 तक विकसित देश बनाने के लिए तेज आर्थिक सुधारों और संरचनात्मक बदलावों की जरूरत है। लाहिड़ी ने यहां 'एसआरसीसी शताब्दी सम्मेलन' को संबोधित करते हुए कहा कि भारत को उच्च आय वाला देश बनने के लिए अगले 21 वर्षों में प्रति व्यक्ति आय को मौजूदा 2,813 अमेरिकी डॉलर से बढ़ाकर करीब 18,000 डॉलर करना होगा। उन्होंने कहा कि इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए अगले 21 वर्षों तक प्रति व्यक्ति आय में मौजूदा कीमतों पर सालाना करीब 9.25 प्रतिशत की वृद्धि जरूरी होगी। उच्च आय वाली अर्थव्यवस्था उस देश को कहा जाता है, जिसकी प्रति व्यक्ति सकल राष्ट्रीय आय एक निर्धारित सीमा से अधिक होती है। वर्ष 2047 के लिए यह सीमा 14,375 डॉलर आंकी गई है। जाने-माने अर्थशास्त्री लाहिड़ी ने चीन, जापान, ताइवान एवं दक्षिण कोरिया का उदाहरण देते हुए कहा कि इन एशियाई देशों ने तेजी से अपनी प्रति व्यक्ति आय बढ़ाकर उच्च आय वाले देशों का दर्जा हासिल किया। उन्होंने कहा कि भारत के लिए भी इस लक्ष्य को हासिल करना असंभव नहीं है, लेकिन इसके लिए तेज आर्थिक सुधार और संरचनात्मक बदलाव जरूरी हैं। तेज आर्थिक वृद्धि के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी ढांचा तीन महत्वपूर्ण क्षेत्र हैं। लाहिड़ी ने कहा, ‘ऐसा कोई देश नहीं मिलेगा जहां लोग शिक्षित हों और गरीब हों। इसी तरह, ऐसा देश भी नहीं मिलेगा जहां लोग अशिक्षित हों और अमीर हों।’ उन्होंने कहा कि इसी तरह ऐसे देश मिलना भी मुश्किल है जहां लोग स्वस्थ हों और गरीब हों या अमीर हों और बीमार हों। नीति आयोग उपाध्यक्ष ने कहा कि आर्थिक वृद्धि और लोगों के कल्याण के लिए मानव पूंजी जरूरी है जबकि मानव पूंजी की गुणवत्ता शिक्षा और स्वास्थ्य से तय होती है।

सन्मार्ग को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं →
logo
Sanmarg Hindi daily
sanmarg.in