

दक्षिण अंडमान 16, निकोबार 4, उत्तर-मध्य अंडमान 10 संस्थान शामिल
सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजयपुरम : प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि प्राप्त करते हुए अण्डमान तथा निकोबार प्रशासन के स्वास्थ्य सेवा विभाग ने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा निर्धारित वर्ष 2025 के गुणवत्ता प्रमाणन लक्ष्य को हासिल कर लिया है। कुल 75 स्वास्थ्य संस्थानों को राज्य स्तरीय ’’राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक’’ (एनक्यूएएस) प्रमाणन प्राप्त हुआ है, जिनमें से 30 आयुष्मान आरोग्य मंदिर/उपकेंद्र को भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा राष्ट्रीय स्तर का एनक्यूएएस प्रमाणन भी प्राप्त हुआ है। इनमें दक्षिण अण्डमान ज़िले से 16, निकोबार ज़िले से 4 तथा उत्तर व मध्य अण्डमान ज़िले से 10 स्वास्थ्य संस्थान शामिल हैं।
एनक्यूएएस प्रमाणन स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता का एक राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त मानक है, जो रोगी सुरक्षा, मानकीकृत नैदानिक देखभाल एवं प्रभावी प्रशासन सुनिश्चित करता है। यह निरंतर गुणवत्ता सुधार को बढ़ावा देता है, जवाबदेही मजबूत करता है और सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं में जनता का विश्वास बढ़ाता है। यह प्रतिष्ठित उपलब्धि द्वीपसमूह में गुणवत्ता सुनिश्चित, रोगी-केंद्रित, सुरक्षित एवं प्रभावी स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने हेतु प्रशासन की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। यह उपलब्धि ’’सभी के लिए गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा’’ के राष्ट्रीय दृष्टिकोण के उद्देश्यों के अनुरूप है, जिससे दूरस्थ एवं भौगोलिक रूप से चुनौतीपूर्ण क्षेत्रों में भी सुलभ एवं किफायती स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित हो रही हैं। गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं के लिए कुशल मानव संसाधन की भूमिका को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने क्षमता निर्माण एवं संस्थागत सुदृढ़ीकरण को प्राथमिकता दी है। ’’राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्रणाली संसाधन केंद्र’’ के सहयोग से वर्ष के दौरान गहन प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिसके परिणामस्वरूप 95 अग्रिम पंक्ति के स्वास्थ्य कर्मियों, जिनमें सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी, जन स्वास्थ्य नर्स एवं बहुउद्देश्यीय स्वास्थ्य कार्यकर्ता शामिल हैं- ने आंतरिक मूल्यांकन परीक्षा सफलतापूर्वक उत्तीर्ण की। अंडमान तथा निकोबार प्रशासन ने सभी सार्वजनिक स्वास्थ्य संस्थानों में एनक्यूएएस प्रमाणन के विस्तार तथा द्वीपवासियों के लिए स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में निरंतर सुधार हेतु अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है।