डॉ. दीवान सिंह ‘कालेपानी’ का 83वां शहादत दिवस

सांसद बिष्णु पद रे मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित
डॉ. दीवान सिंह ‘कालेपानी’ का 83वां शहादत दिवस
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विद्यालय परिवार और सिख संगत ने दी श्रद्धांजलि

विद्यार्थियों ने देशभक्ति गीत और कविता प्रस्तुत की

सन्मार्ग संवाददाता

श्री विजयपुरम : महान स्वतंत्रता सेनानी डॉ. दीवान सिंह ‘कालेपानी’ का 83वां शहादत दिवस खालसा पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल में देशभक्ति के वातावरण के बीच श्रद्धा एवं सम्मान के साथ मनाया गया। इस अवसर पर अंडमान एवं निकोबार द्वीपसमूह के सांसद बिष्णु पद रे मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में विद्यालय की अध्यक्ष सरदार सुरिंदर सिंह, प्रबंधन समिति के सदस्य, गुरुद्वारा अध्यक्ष सरदार स्वरन सिंह, प्रधानाचार्य डॉ. सरबजीत कौर जगपाल, शिक्षकगण, छात्र-छात्राएं, अभिभावक एवं सिख संगत के सदस्य मौजूद रहे। सभी ने महान राष्ट्रीय नायक को श्रद्धांजलि अर्पित की। पद्मश्री से सम्मानित नरेश चंद्र लाल ने भी श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में बताया गया कि पेशे से चिकित्सक डॉ. दीवान सिंह एक महान देशभक्त और ओजस्वी कवि थे, जिन्होंने सेल्युलर जेल में अपार यातनाएं सहीं। कक्षा ग्यारहवीं की छात्रा शिवरंजिनी ने उनके जीवन और बलिदान पर प्रकाश डाला। कक्षा आठवीं की आलिया ने स्वतंत्रता संग्राम के दौरान लिखी गई कविता ‘हिम्मत बिना’ का भावपूर्ण पाठ किया। छात्रों द्वारा प्रस्तुत शबद ‘ऐसी मरनी जो मरे’ ने उपस्थित जनसमूह को भावविभोर कर दिया।

विद्यालय में डॉ. दीवान सिंह के जीवन पर आधारित चित्रकला, निबंध लेखन और भाषण प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिनके विजेताओं को पदक एवं प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। प्रधानाचार्य डॉ. सरबजीत कौर जगपाल ने अपने संबोधन में डॉ. दीवान सिंह के आदर्शों और मूल्यों को भावी पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत बताया तथा समाज के सभी वर्गों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने की उनकी दूरदृष्टि को आगे बढ़ाने पर गर्व व्यक्त किया। पद्मश्री नरेश चंद्र लाल ने विद्यार्थियों और शिक्षकों से डॉ. दीवान सिंह की विरासत को आत्मसात करने का आह्वान किया। सांसद बिष्णु पद रे ने विद्यालय परिवार को ‘सबके लिए नि:स्वार्थ सेवा’ के आदर्श को बनाए रखने के लिए बधाई दी और विद्यार्थियों को नवाचार, स्टार्टअप और भ्रष्टाचार के प्रति शून्य सहनशीलता के साथ राष्ट्र निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर विद्यालय के पूर्व शिक्षा निदेशक एवं पूर्व मुख्य संरक्षक स्वर्गीय सरदार बैंत सिंह जी की नौवीं पुण्यतिथि पर भी श्रद्धांजलि अर्पित की गई।

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