बजबज शिल्पांचल के हिंदी विद्यालयों में पठन-पाठन प्रभावित

हिंदी नागरी प्रचारक विद्यालय
हिंदी नागरी प्रचारक विद्यालय
Published on

बजबज : सुप्रीम कोर्ट के शिक्षकों की बर्खास्तगी के आदेश के बाद बजबज शिल्पांचल के कई हिंदी विद्यालयों में पठन पाठन बुरी तरह प्रभावित होने लगा है। इससे बच्चों के भविष्य की चिंता शिक्षकों को सताने लगी है। महेशतल्ला टीजी रोड में फतेहपुर के हिंदी नागरी प्रचारक विद्यालय के प्रधानाध्यापक आर.पी सिंह ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद कई शिक्षकों की नियुक्तियां रद्द हो गयी है। इसके बाद शुक्रवार को 5 शिक्षक और एक गैर शिक्षक कर्मी विद्यालय नहीं आ रहे है। इससे काफी परेशानी हो रही है। फिलहाल विद्यालय में उच्च माध्यमिक की कक्षा को चलाना मुश्किल होने लगा है। एचएस के नाम पर मात्र दो शिक्षक आए थे। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद दोनों टीचरों की नौकरी चली गई। यह विद्यालय कोएड है। इसमें महेशल्ला गार्डनरिच और आसपास के जरूरतमंद बच्चे पढ़ते हैं। फिलहाल कक्षा को अल्टरनेटिव कर चलाना पड़ेगा। विद्यालय में 1400 बच्चे हैं। कोर्ट के आदेश के बाद टीचरों के बीच मानसिक दबाव बढ़न लगा है। बिरलापुर विद्यालय के पूर्व प्रधानाध्यापक पी. त्रिपाठी ने कहा कि विद्यालय कोएड है। इसमें हिंदी और बांग्ला माध्यम की पढ़ाई होती है। इस स्कूल में अधिक संख्या में जूट मिल के मजदूरों के बच्चे पढ़ते हैं। इस आदेश के बाद 3 शिक्षकों की नौकरी चली गई। मथुरापुर की प्रसिद्ध कृष्ण चंद्रपुर हाई स्कूल के प्रधानाध्यापक चंदन माइती ने कहा कि स्कूल में 8 शिक्षकों की नौकरी चली गई। शुक्रवार को 8 शिक्षक स्कूल नहीं आये जिससे स्कूल का पठन-पाठन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।


संबंधित समाचार

No stories found.

कोलकाता सिटी

No stories found.

खेल

No stories found.
logo
Sanmarg Hindi daily
sanmarg.in