छात्र ने बनायी कागज की दुर्गा प्रतिमा

Student made Durga idol from paper
कागज से दुर्गा प्रतिमा बनाता सोहम
Published on

सन्मार्ग संवाददाता

नदिया : शांतिपुर का रहने वाले सोहम दे यह साबित कर रहा है कि दुर्गा प्रतिमा केवल मिट्टी या फाइबर से ही नहीं, बल्कि कागज से भी सुंदर और टिकाऊ रूप में बनाई जा सकती है। शांतिपुर म्युनिसिपल हाई स्कूल से 2024 में हायर सेकेंडरी पास करने वाले सोहम मेडिकल प्रवेश परीक्षा की तैयारी कर रहा है। सिर्फ कागज से बनाई गई 24 इंच ऊंची दुर्गा प्रतिमा से उसने सबका ध्यान आकर्षित किया है। बचपन से ही उसे कला में रुचि थी। जब वह कक्षा 5 में था, तब पहली बार उसने पिचबोर्ड से दुर्गा प्रतिमा बनाई थी। उसके बाद से वह पुराने अखबार और रंगीन कागज से तरह-तरह की प्रतिमाएं बनाता आ रहा है।

कागज से दुर्गा प्रतिमा बनाता छात्र
कागज से दुर्गा प्रतिमा बनाता छात्र

अपनी बनायी प्रतिमा की खुद करता है पूजा

सोहम हर साल पूजा के लिए खुद ही प्रतिमा बनाता है। इस साल की प्रतिमा बनाना उसने जुलाई में शुरू किया था और इसे पढ़ाई के बीच-बीच में समय निकाल कर पूरा कर रहा है। उसकी बनाई हुई मूर्ति पूरी तरह कागज से बनी है। यहां तक कि लकड़ी या बांस की जगह भी कागज का ही ढांचा तैयार किया गया है। यह प्रतिमा न केवल पर्यावरण के लिए सुरक्षित है बल्कि बहुत हल्की और आसानी से कहीं भी रखी जा सकती है। सिर्फ अपने लिए नहीं, सोहम ने हाल ही में अपनी दादी के अनुरोध पर उनके लिए भी एक मूर्ति बनाने का वादा किया है। धीरे-धीरे उसका काम आसपास के लोगों के बीच लोकप्रिय हो रहा है। सिर्फ दुर्गा ही नहीं, बचपन में वह काली की छोटी मूर्तियां भी बनाता आ रहा है लेकिन अब वह मुख्य रूप से दुर्गा की प्रतिमा पर ही ध्यान दे रहा है। पढ़ाई के साथ-साथ उसकी कला भी तेजी से विकसित हो रही है। खेलों में रुचि होने के बावजूद, मूर्ति निर्माण और पढ़ाई में संतुलन बनाए रखना सोहम की प्राथमिकता है। सोहम की यह पहल न केवल एक सुंदर कृति है, बल्कि पर्यावरण के प्रति जागरूकता का प्रतीक भी है। आज की पीढ़ी के लिए यह प्रेरणा है कि कैसे कला, संस्कृति और पर्यावरण को साथ लेकर आगे बढ़ा जा सकता है। उसकी कागज से बनी मूर्तियां अब सोशल मीडिया पर भी चर्चा का विषय बन चुकी हैं।

Google पर सन्मार्ग न्यूज़ पडे →
logo
Sanmarg Hindi daily
sanmarg.in