पार्टी में अनुशासन बनाए रखने के लिए कड़े कदम उठाने पड़ते हैं : शमिक

पार्टी में अनुशासन बनाए रखने के लिए कड़े कदम उठाने पड़ते हैं : शमिक
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सन्मार्ग संवाददाता

कोलकाता : भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने कहा कि पार्टी में अनुशासन ही सर्वोपरि है। उन्होंने कहा कि एक अनुशासित राजनीतिक पार्टी में अनुशासन बनाए रखने के लिए अक्सर कड़े कदम उठाने पड़ते हैं। हालांकि कुछ खबरों में जो दावा किया जा रहा है कि गुटीय कलह के कारण कई नेताओं के खिलाफ ऐसी कार्रवाई की गई, वे गलत हैं। शमिक भट्टाचार्य ने कहा कि हां, हमने कुछ मामलों में कारण बताओ नोटिस जारी की है। बहुत कम संख्या में लोगों को कुछ समय के लिए सस्पेंड भी किया गया है। उन पर संगठन से जुड़ी कुछ कमियों के आरोप थे, उन मामलों पर उनसे स्पष्टीकरण मांगा गया है। शमिक भट्टाचार्य ने यह भी कहा कि किसी भी शिक्षक पर अंडे फेंकना सही नहीं है। अगर किसी टीचर पर अंडा फेंका गया है, तो इससे ज्यादा दुर्भाग्यपूर्ण या निंदनीय घटना और कोई नहीं हो सकती। हमारी पार्टी का इसमें कोई हाथ नहीं है। मैंने जांच-पड़ताल के बाद पूरे यकीन के साथ यह बात कही है। पुलिस उचित कार्रवाई करेगी। वहीं सूत्रों की मानें तो भाजपा ने अनुशासनात्मक कार्रवाई के तहत कई कार्यकर्ताओं को निलंबित करने का फैसला लिया है। इस फैसले के जरिए राज्य भाजपा यह साफ संदेश दे रही है कि पार्टी सभी तरह के आरोपों को गंभीरता से ले रही है और पार्टी में अनुशासन बनाए रखने के लिए सख्त रुख अपना रही है।

लाउडस्पीकर का बार-बार इस्तेमाल करने की क्या जरूरत है ?

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने कहा कि शोर-शराबे का प्रदूषण एक बड़ी समस्या है। सरकार ने इसे लेकर खास नियम बनाए हैं। हर किसी के लिए बेहतर यही है कि वे अपने धर्म का पालन अपने तरीके से करें चाहे मस्जिद में नमाज पढ़ें या मंदिर में मंत्रों का जाप करें लेकिन लाउडस्पीकर का बार-बार इस्तेमाल करने की क्या जरूरत है?

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