

सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजयपुरम : अंडमान एवं निकोबार द्वीपों में नशे में गाड़ी चलाने की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए हिंदू राष्ट्र शक्ति के राज्य युवा अध्यक्ष अंग्शुमन रॉय ने उपराज्यपाल, अंडमान एवं निकोबार द्वीपसमूह को एक विस्तृत प्रस्ताव भेजा है, जिसमें बार और क्लबों के लिए रोकथाम संबंधी सलाह जारी करने का अनुरोध किया गया है। प्रस्ताव में कहा गया है कि हाल ही में गुरुग्राम पुलिस ने सभी बार, पब और क्लबों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं कि कोई भी व्यक्ति शराब के नशे में वाहन न चलाए। भारतीय दंड संहिता की धारा 168 के तहत जारी इस परामर्श में ऐसे प्रतिष्ठानों को यह निर्देश दिया गया है कि वे लंबे समय तक शराब का सेवन करने वाले ग्राहकों के लिए टैक्सी या अन्य सुरक्षित परिवहन की व्यवस्था सुनिश्चित करें तथा पार्किंग क्षेत्रों में नशे में वाहन चलाने के जोखिम और कानूनी परिणामों के बारे में स्पष्ट चेतावनी नोटिस प्रदर्शित करें। निर्देश का अनुपालन नहीं करने पर संबंधित प्रतिष्ठान के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रस्ताव में आगे उल्लेख किया गया है कि श्री विजयपुरम सहित हेरिटेज क्षेत्रों, स्वराज द्वीप और शहीद द्वीप में बढ़ते पर्यटक आगमन और रात्रिकालीन गतिविधियों को देखते हुए ऐसे कदम सार्वजनिक सुरक्षा को अत्यधिक मजबूत करेंगे और नशे की हालत में वाहन चलाने से संबंधित जोखिमों को कम करेंगे। इस प्रकार की पहल से लाइसेंसधारी प्रतिष्ठानों में जिम्मेदार आचरण को बढ़ावा मिलेगा और प्रशासन की नागरिक सुरक्षा एवं रात्रिकालीन गतिविधियों के सुचारु संचालन के प्रति प्रतिबद्धता भी सुदृढ़ होगी।
प्रस्ताव में अनुरोध किया गया है कि केंद्र शासित प्रदेश के सभी लाइसेंस प्राप्त बार, रेस्तरां, रिसॉर्ट और शराब परोसने वाले अन्य प्रतिष्ठानों को यह निर्देश जारी किए जाएं कि वे नशे की स्थिति में किसी भी ग्राहक को परिसर से जाने की अनुमति न दें, अधिक शराब सेवन की स्थिति में सुरक्षित परिवहन उपलब्ध कराएं, पार्किंग और निकास क्षेत्रों में चेतावनी संदेश प्रमुखता से प्रदर्शित करें, स्टाफ एवं सुरक्षा कर्मियों को ऐसे मामलों को जिम्मेदारी से संभालने के लिए संवेदनशील बनाया जाए तथा आवश्यकतानुसार स्थानीय पुलिस के साथ समन्वय बनाए रखा जाए। अंत में प्रस्ताव में उल्लेख है कि इन उपायों का प्रभावी कार्यान्वयन उचित कानूनी ढांचे के तहत सार्वजनिक सुरक्षा को व्यापक रूप से मजबूत करेगा और प्रशासन के प्रति जनता के विश्वास को और बढ़ाएगा।