

राजकोटः भारतीय क्रिकेट टीम प्रबंधन ने राजकोट एकदिवसीय मैच में हार का ठीकरा पूर्व कप्तान रोहित शर्मा पर फोड़ दिया है। जबकि रोहित शर्मा से भी कम रन विराट कोहली और श्रेयस अय्यर ने बनाये थे। भारत के सहायक कोच रेयान टेन डोएशे ने रोहित शर्मा के कम रन बनाने का कारण उनका ‘कम क्रिकेट’ खेलना बताया है।
भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) के फरमान के बाद भारतीय सुपरस्टार विराट कोहली और रोहित शर्मा दोनों अपने-अपने राज्य की टीम के लिए 50 ओवर के शीर्ष घरेलू टूर्नामेंट में लौटे लेकिन इसके बावजूद डोएशे ने कहा कि रोहित पर्याप्त क्रिकेट नहीं खेल रहे। डोएशे ने कहा, ‘दोनों विकेट नई गेंद के लिए अच्छी थी। बल्लेबाजी करना आसान नहीं लग रहा था। अगर आप पहले एकदिवसीय में देखें तो वह (रोहित) उस लय में नहीं थे जिसमें वह आमतौर पर रहते हैं और यह उनके लिए एक चुनौती होगी, दो सीरीज बीच क्रिकेट नहीं खेलना।’
डोएशे से पूछा गया कि क्या रोहित ने विकेट के हिसाब से अपनी बल्लेबाजी शैली में बदलाव का फैसला जानबूझकर किया तो उन्होंने कहा, मुझे नहीं लगता कि यह जानबूझकर किया गया फैसला है।’उन्होंने कहा, ‘वह खतरनाक खिलाड़ी हैं लेकिन असल में वह लय में खेलने वाले खिलाड़ी हैं। वह गेंद को टाइम करते हैं, इसलिए जैसे ही विकेट बहुत अच्छे नहीं होते तो उनके लिए उस लय में खेलना मुश्किल हो जाता है।’
लोकेश राहुल की प्रशंसा
डोएशे ने कहा कि लोकेश राहुल जिस फॉर्म में हैं उसे देखते हुए उन्हें पांचवें नंबर पर भेजा जा सकता है। उन्होंने कहा,‘राहुल पांचवें नंबर पर खेलने के लिए अच्छा खिलाड़ी है। उसने शानदार शतक जड़ा और 50 ओवर के क्रिकेट में विकेटकीपिंग से भी असर पड़ता है। ऐसा नहीं है कि हम उसे बचा रहे हैं।’
डोएशे ने कहा, ‘‘पिछले 18 महीने में हमारी एक रणनीति बल्लेबाजी क्रम को लंबा करना रही है और हम ऑलराउंडर का इस्तेमाल या तो ऊपरी क्रम या पांचवें नंबर पर करना पसंद करते हैं जैसा कि हमने पहले वाशी (वाशिंगटन सुंदर) के साथ किया है।’ उन्होंने कहा, ‘लेकिन यह निश्चित रूप से एक विकल्प है जिस पर विचार किया जा सकता है। राहुल जिस फॉर्म में हैं उसे देखते हुए वह नियमित रूप से पांचवें नंबर पर बल्लेबाजी कर सकते हैं और फिर आप ऑलराउंडर को खिला सकते हैं।’
रविंद्र जडेजा का किया बचाव
डोएशे ने पिछले कुछ समय में एकदिवसीय क्रिकेट में रविंद्र जडेजा के साधारण प्रदर्शन का भी बचाव किया। उन्होंने कहा, ‘मुझे नहीं लगता कि वह दबाव महसूस कर रहे हैं। उनके आंकड़े शानदार हैं। हाल में उन्हें शायद थोड़े कम विकेट मिले हैं। लेकिन यह चिंता की बात नहीं है। हमने उनकी गेंदबाजी की गति के मामले में जो चीजें देखी हैं, जिन चीजों पर हमने उसे काम करने के लिए कहा है, मुझे लगता है कि वह असल में बेहतर गेंदबाजी कर रहे हैं। इसलिए उम्मीद है कि विकेट भी मिलने लगेंगे।’
नितीश रेड्डी ने मौके का फायदा नहीं उठाया
दूसरे एकदिवसीय के लिए भारत की एकादश में एकमात्र बदलाव के तौर पर शामिल रेड्डी बल्ले या गेंद दोनों से कुछ खास कमाल नहीं दिखा पाए जिससे मेजबान टीम बुधवार को यहां न्यूजीलैंड से सात विकेट से हार गई। मैच के बाद डोएशे ने पत्रकारों से कहा, ‘नितीश के साथ हम उन्हें तैयार करने और मैच खिलाने के बारे में बात करते रहते हैं और जब आप उन्हें खेलने के लिए मैच देते हैं तो वह अक्सर मैच में कुछ खास नहीं कर पाते हैं।’
डोएशे ने संकेत दिया कि रेड्डी को दूसरे एकदिवसीय में मिले मौके का फायदा उठाना चाहिए था लेकिन वह सिर्फ 20 रन बना पाए और अपने दो ओवर में कोई विकेट नहीं ले पाए। न्यूजीलैंड ने भारत के 285 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए सात विकेट से मैच जीतकर तीन मैच की सीरीज1 से बराबर कर ली। न्होंने कहा, ‘जो खिलाड़ी टीम में अपनी जगह बनाने की कोशिश कर रहा है, उसके लिए आज रात (बुधवार) बल्ले से यह शानदार मौका था जहां आपको विकेट पर 15 ओवर बिताने का मौका मिलता है। आपको टीम में चयन की अपनी दावेदारी मजबूत करने के लिए ऐसे मौकों का फायदा उठाना ही होगा।’
डोएश ने कहा कि अगर अगर पीछे मुड़कर देखें तो भारत रेड्डी की जगह तीसरे स्पिनर को खिलाना पसंद करता, विशेषकर यह देखते हुए कि न्यूजीलैंड के स्पिनरों ने परिस्थितियों का कितनी अच्छी तरह से फायदा उठाया।