

जितेंद्र, सन्मार्ग संवाददाता
नई दिल्ली /कोलकाता : तृणमूल कांग्रेस के बिलबोर्ड के मामले को जल्द निपटाया जाए। सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस जयमाल्य बागची और जस्टिस वी मोहना के बेंच ने हाई कोर्ट से अनुरोध किया है। इस मामले में तृणमूल कांग्रेस की तरफ से एसएलपी दायर की गई है।
एडवोकेट अनामिका पांडे ने बताया कि चीफ जस्टिस के बेंच ने सोमवार को एसएलपी की सुनवाई करते हुए यह अनुरोध किया। सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने इस मामले की ग्रहणयोग्यता पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि इस मामले में न्याय पाने के लिए हाई कोर्ट में मामला दायर किया जा सकता है। तृणमूल कांग्रेस की तरफ से बहस करते हुए सीनियर एडवोकेट कपिल सिब्बल ने कहा कि कृपया उत्तेजना में ना आए। सॉलिसिटर जनरल ने एतराज जताते हुए कहा कि ये मीडिया के लिए बयान दे रहे हैं। जस्टिस बागची ने कहा कि बिलबोर्ड हटा दिया गया है, इस वजह से ही इस मामले की ग्रहणयोग्यता खत्म नहीं हो जाती है। अगर बिलबोर्ड को गलत ढंग से हटाया गया है तो इसकी पुनर्स्थापना का आदेश दिया जा सकता है। एडवोकेट सिब्बल ने कहा कि राजनीतिक बदले के लिहाज से यह बोर्ड हटाया गया है। उन्होंने कहा कि बाजू में हल्दीराम का बोर्ड है, पर उसे नहीं हटाया गया है। इससे साफ जाहिर है कि राजनीतिक प्रतिहिंसा के कारण यह कार्रवाई की गई है।