

सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजयपुरम : अंडमान एवं निकोबार द्वीपसमूह में दैनिक यात्री संपर्क को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से वाटर मेट्रो प्रणाली शुरू करने की योजना पर कार्य किया जा रहा है। प्रस्तावित योजना के तहत फीनिक्स बे, बम्बूफ्लैट और चैथम के बीच वाटर मेट्रो सेवाएं संचालित की जा सकती हैं। इस संबंध में जानकारी बुधवार को बम्बूफ्लैट में प्रदर्शन कर रहे लोगों को संबोधित करते हुए शिपिंग सेवा निदेशक द्वारा दी गई। उन्होंने बताया कि इस परियोजना को लेकर लगभग तीन से चार महीने पहले कोच्चि वाटर मेट्रो के अधिकारियों द्वारा एक सर्वेक्षण किया गया था। उनके अनुसार, कोच्चि वाटर मेट्रो प्राधिकरण की अंतिम व्यवहार्यता रिपोर्ट आगामी 10 से 15 दिनों के भीतर प्राप्त होने की संभावना है। निदेशक ने कहा कि प्रशासन फीनिक्स बे–बम्बूफ्लैट–चैथम जैसे व्यस्त सेक्टरों में वाटर मेट्रो सेवा शुरू करने की योजना बना रहा है, जहां प्रतिदिन लगभग 4,000 से 5,000 यात्री आवागमन करते हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि परियोजना व्यवहार्य पाई जाती है, जिसकी पूरी संभावना है, तो इसके क्रियान्वयन के लिए केंद्र सरकार से वित्तीय सहायता प्राप्त की जाएगी। यह जानकारी प्रदर्शनकारियों को आंदोलन समाप्त करने और प्रशासन के साथ सहयोग करने के उद्देश्य से साझा की गई, ताकि परिवहन से जुड़ी समस्याओं का दीर्घकालिक समाधान सुनिश्चित किया जा सके। उल्लेखनीय है कि कोच्चि वाटर मेट्रो भारत की पहली एकीकृत जल आधारित सार्वजनिक परिवहन प्रणाली है, जिसका संचालन कोच्चि वाटर मेट्रो लिमिटेड द्वारा किया जाता है। यह केरल सरकार और कोच्चि मेट्रो रेल लिमिटेड की संयुक्त विशेष प्रयोजन इकाई है। इस परियोजना का उद्देश्य सुरक्षित, किफायती और पर्यावरण के अनुकूल जल परिवहन उपलब्ध कराना है।
पारंपरिक फेरी सेवाओं से अलग, वाटर मेट्रो में आधुनिक विद्युत चालित नौकाएं संचालित की जाती हैं, जिनमें उन्नत सुरक्षा सुविधाएं, जीपीएस आधारित ट्रैकिंग, सीसीटीवी निगरानी, बुजुर्गों और दिव्यांगों के लिए बाधा रहित पहुंच तथा मानकीकृत जेटियां शामिल हैं। यदि यह प्रणाली अंडमान-निकोबार में लागू होती है, तो इससे बंदरगाह क्षेत्र की शहरी परिवहन व्यवस्था में बड़ा बदलाव आने, भीड़ कम होने और यात्रियों की सुरक्षा व सुविधा में उल्लेखनीय सुधार होने की उम्मीद है।