

सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजयपुरम : पर्यावरण एवं वन विभाग द्वारा 14 से 18 फरवरी तक प्रथम ‘द्वीप पक्षी महोत्सव’ का आयोजन किया जा रहा है। इस महोत्सव के उपलक्ष्य में द्वीपसमूह भर में विभिन्न पूर्व-कार्यक्रमों की एक श्रृंखला आयोजित की जा रही है। ये पूर्व-कार्यक्रम पर्यावरण एवं वन विभाग द्वारा अंडमान एवियन क्लब के समन्वय से निकोबार से लेकर डिगलीपुर तक सभी वन मंडलों में एक साथ आयोजित किए गए। इन पूर्व-उत्सव गतिविधियों में छात्रों, शिक्षकों, आम जनता, पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधियों, शोधकर्ताओं, पक्षी प्रेमियों तथा पर्यावरण एवं वन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की उत्साहपूर्ण भागीदारी देखने को मिली। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य पक्षियों तथा उनके संरक्षण के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना था। आयोजित गतिविधियों में स्थानीय पारिस्थितिकी तंत्र को समझने हेतु मार्गदर्शित पारिस्थितिक भ्रमण, तथा ‘फीड द बर्ड्स स्टेशन’, ‘बिल्ड-ए-नेस्ट चैलेंज’, ‘स्केच-ए-बर्ड सत्र’ और ‘पक्षी क्विज़’ जैसी सहभागितापूर्ण प्रतियोगिताएं शामिल थीं। इन गतिविधियों को पक्षी विज्ञान में रुचि विकसित करने और प्रतिभागियों में जैव विविधता संरक्षण के प्रति ज़िम्मेदारी की भावना उत्पन्न करने के उद्देश्य से तैयार किया गया था।
इन पूर्व-कार्यक्रमों को सभी आयु वर्ग के लोगों से उत्साहजनक प्रतिक्रिया मिली और अंडमान तथा निकोबार द्वीपसमूह की समृद्ध पक्षी विविधता को सफलतापूर्वक उजागर किया गया। विभाग ने बताया कि इस प्रकार की पहल पर्यावरणीय जागरूकता फैलाने और फरवरी में आयोजित होने वाले ‘द्वीप पक्षी महोत्सव’ के लिए उत्साह एवं गति निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। इस श्रृंखला के अंतर्गत 31 जनवरी और 7 फरवरी, 2026 को भी इसी प्रकार के और कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। आगामी द्वीप पक्षी महोत्सव को संरक्षणवादियों, शोधकर्ताओं, पक्षी प्रेमियों एवं आम जनता को एक मंच पर लाने वाला एक ऐतिहासिक आयोजन माना जा रहा है, जिसका उद्देश्य द्वीपसमूह की विशिष्ट पक्षी संपदा का उत्सव मनाना और उसका संरक्षण करना है।