

नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत की सांस्कृतिक विरासत की झलक दिखाते हुए स्लोवाकिया के स्पीकर को पारंपरिक भारतीय मिठाई ठेकुआ उपहार में दिया।
बिहार और झारखंड की पहचान माने जाने वाला ठेकुआ सिर्फ एक मिठाई नहीं, बल्कि भारतीय लोक परंपरा और आस्था से जुड़ा हुआ व्यंजन है। खासतौर पर छठ पूजा के दौरान इसे श्रद्धा के साथ तैयार किया जाता है और भगवान सूर्य को अर्पित किया जाता है।
ठेकुआ गेहूं के आटे, गुड़ या चीनी, सौंफ और घी से बनाया जाता है। इसकी खासियत है कि यह लंबे समय तक सुरक्षित रहता है और अपने घरेलू स्वाद के लिए जाना जाता है।
प्रधानमंत्री मोदी द्वारा ठेकुआ को उपहार के रूप में चुनना भारत की स्थानीय परंपराओं, क्षेत्रीय व्यंजनों और सांस्कृतिक कूटनीति को वैश्विक मंच पर प्रस्तुत करने का एक उदाहरण माना जा रहा है।
यह उपहार बिहार और झारखंड की समृद्ध खाद्य संस्कृति के साथ-साथ भारत की विविधता और त्योहारों की भावना को भी दर्शाता है। ठेकुआ आज दुनिया के सामने भारतीय गांवों की मिट्टी, परंपरा और त्योहारों से जुड़ी भावनाओं का प्रतीक बनकर पहुंचा है।