

निधि, सन्मार्ग संवाददाता
खड़गपुर : रास्ता भटककर बिहार से पश्चिम बंगाल पहुंची 19 वर्षीय एक मानसिक रूप से अस्वस्थ युवती को आखिरकार उसका परिवार वापस मिल गया है। खड़गपुर पुलिस-प्रशासन और 'वेस्ट बंगाल रेडियो क्लब' (हैम रेडियो) की साझा तत्परता के कारण युवती के असली घर का पता लगाने में सफलता मिली है। सबकुछ ठीक रहा तो आगामी सोमवार को कागजी कार्रवाई पूरी कर युवती को उसके परिजनों को सौंप दिया जाएगा।
रात के अंधेरे में गश्त करती पुलिस ने किया था रेस्क्यू
स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, करीब 15 दिन पहले देर रात खड़गपुर शहर की सड़कों पर एक युवती को अकेले और बेबस हालत में घूमते हुए देखा गया था। रात के अंधेरे में गश्त कर रही खड़गपुर थाना पुलिस की नजर जब उस पर पड़ी, तो पुलिस अधिकारियों ने सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उसे तुरंत रेस्क्यू किया। अगले दिन खड़गपुर की एसडीओ ज्योति घोष की पहल पर युवती को सुरक्षित रखने के लिए एक स्थानीय शेल्टर होम भेज दिया गया। चूंकि युवती मानसिक रूप से पूरी तरह स्वस्थ नहीं थी, इसलिए वह पुलिस या होम के अधिकारियों को अपना नाम, पता या परिजनों का मोबाइल नंबर बताने में असमर्थ थी। इसके चलते प्रशासन को उसके परिवार की तलाश करने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था।
हैम रेडियो ने दिखाई तत्परता, बिहार के पटना में मिला घर
प्रशासनिक स्तर पर कोई सुराग न मिलने के बाद आखिरकार हैम रेडियो (West Bengal Radio Club) से संपर्क साधा गया। जिम्मेदारी मिलते ही हैम रेडियो के सदस्यों ने देशव्यापी नेटवर्क की मदद से छानबीन शुरू कर दी और महज कुछ ही दिनों के भीतर उन्हें बड़ी कामयाबी मिली। वेस्ट बंगाल रेडियो क्लब के सचिव अम्बरीष नाग विश्वास ने बताया कि जांच में पता चला कि 19 वर्षीय यह युवती मूल रूप से बिहार के पटना जिले के बेलछी थाना क्षेत्र की रहने वाली है, जो किसी तरह रास्ता भटकते हुए ट्रेन या अन्य माध्यम से खड़गपुर आ पहुंची थी। हैम रेडियो ने तुरंत पटना में रह रहे उसके परिवार से संपर्क स्थापित किया और लड़की के सुरक्षित होने की जानकारी दी। "शुक्रवार से रविवार तक सरकारी छुट्टियां होने के कारण, कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए आगामी सोमवार को युवती को उसके परिजनों के हवाले कर दिया जाएगा। इससे पहले भी हम इस होम के 15 लोगों को उनके परिवारों से मिला चुके हैं।" अपनी लाडली बेटी के सुरक्षित मिलने की खबर पाते ही पटना में रह रहे परिजनों ने राहत की सांस ली है। उन्होंने संकट के समय में देवदूत बनकर सामने आए वेस्ट बंगाल रेडियो क्लब और खड़गपुर पुलिस प्रशासन का सहदिल से आभार व्यक्त किया है।