

निधि, सन्मार्ग संवाददाता
बैरकपुर : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे और अंतिम चरण के मतदान से पहले नोआपाड़ा विधानसभा क्षेत्र में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब शनिवार सुबह नोआपाड़ा थाना परिसर एक भीषण विस्फोट की आवाज से दहल उठा। इलाके के लोगों के अनुसार, धमाका इतना जोरदार था कि इसकी आवाज काफी दूर तक सुनाई दी और देखते ही देखते पूरा इलाका धुएं के गुबार से भर गया। स्थानीय निवासियों, विशेषकर थाने के ठीक पीछे रहने वाले परिवारों ने आरोप लगाया है कि विस्फोट थाने के भीतर ही हुआ है। इस घटना के बाद आसपास के घरों में रहने वाले लोग दहशत में आ गए और अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंतित नजर आए। पुलिस और बम निरोधक दस्ते ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है, लेकिन मतदान से चंद दिन पहले हुई इस घटना ने प्रशासनिक सतर्कता पर गंभीर सवालिया निशान लगा दिए हैं।
स्थानीय घरों में गिरे छर्रे, नागरिकों ने जताई नाराजगी
विस्फोट की तीव्रता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि थाने की दीवार से सटे घरों में लोहे के छर्रे (स्पिलंटर) तक जा गिरे। स्थानीय निवासियों ने बताया कि धमाके के वक्त उनके बच्चे घर पर थे और जान-माल का बड़ा नुकसान हो सकता था। नागरिकों का आरोप है कि घटना के तुरंत बाद शिकायत करने पर भी प्रशासन ने सक्रियता नहीं दिखाई। लोगों का कहना है कि यदि पुलिस थाने के भीतर ही सुरक्षा सुनिश्चित नहीं है, तो आम जनता की सुरक्षा का क्या होगा। गौरतलब है कि आगामी बुधवार यानी 29 अप्रैल को नोआपाड़ा में मतदान होना है, जहाँ भाजपा के दिग्गज नेता अर्जुन सिंह और तृणमूल छात्र परिषद के प्रदेश अध्यक्ष तृणांकुर भट्टाचार्य के बीच कड़ा मुकाबला है। ऐसे संवेदनशील समय में हुए इस विस्फोट ने चुनावी माहौल में तनाव और बढ़ा दिया है।