
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने राज्य में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बाद मतदाता सूची से कथित तौर पर मनमाने ढंग से मतदाताओं के नाम हटाए जाने के विरोध में शुक्रवार को यहां धरना शुरू किया। कोलकाता में एस्प्लेनेड मेट्रो स्टेशन के निकट धरना शुरू करते हुए बनर्जी ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और निर्वाचन आयोग पर बंगाली मतदाताओं को मताधिकार से वंचित करने की साजिश रचने का आरोप लगाया और उन्हें बेनकाब करने की प्रतिबद्धता जताई।
तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख बनर्जी ने कहा, ‘‘मैं बंगाली मतदाताओं को मताधिकार से वंचित करने के भाजपा-निर्वाचन आयोग के षड्यंत्र का पर्दाफाश करूंगी।’’ मुख्यमंत्री धरना मंच से चुनाव आयोग और भाजपा पर प्रहार किया। उन्होंने कहा, वोटर लिस्ट में जिन्हें मृत बताया गया, वे यहां बैठे हैं। इन्हें मृत बताया गया है, लेकिन वे यहां बैठकर अपने जीवित होने का प्रमाण दे रहे हैं।
ममता बनर्जी ने कहा कि हम लोग इंची-इंची में नजर रखते हैं। जिन्हें मृत घोषित किया गया है, हम उनकी परेड कराएंगे। हम उनकी दीर्घायु की कामना करते हैं।
मैं पश्चिम बंगाल के मतदाताओं को मताधिकार से वंचित करने की, भाजपा-निर्वाचन आयोग की साजिश का पर्दाफाश करूंगी : मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ।
धरना मंच पर विभिन्न संस्थाओं और संगठनों के लोग भी उपस्थित हुए हैं। स्वामी विवेकानंद के एक अनुयायी को भी मंच से बोलते हुए देखा गया।