

कोलकाता : तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने मंगलवार को कहा कि यदि जरूरत पड़ी तो वह दिल्ली जाकर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आंदोलन में स्वयं शामिल होंगी। 21 जुलाई शहीद दिवस रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी शुरू से ही CJP के आंदोलन के साथ खड़ी है।
ममता ने कहा, "जरूरत पड़ी तो मैं खुद CJP के कार्यक्रम में जाऊंगी। जो विश्वासघात करेगा, उसका समर्थन नहीं किया जा सकता।" दिल्ली में नीट-यूजी 2026 परीक्षा में कथित अनियमितताओं के विरोध में CJP के 'चलो संसद' आंदोलन के दौरान पुलिस कार्रवाई का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में छात्रों और युवाओं की आवाज को बल प्रयोग से नहीं दबाया जा सकता।
अपने संबोधन में ममता ने भाजपा के खिलाफ विपक्षी दलों से एकजुट होकर लड़ने की अपील की। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर इंडिया गठबंधन के साथ मिलकर संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने यह भी कहा कि अन्य विपक्षी दलों के साथ भी मुद्दों के आधार पर सहयोग की संभावना बनी रहेगी।
तृणमूल कांग्रेस में जारी संगठनात्मक विवाद पर ममता ने स्पष्ट किया कि पार्टी छोड़कर दूसरे दलों या विद्रोही गुट में शामिल नेताओं की वापसी नहीं होगी। उन्होंने कहा कि यदि पार्टी के नाम या चुनाव चिह्न पर दावा करने की कोशिश की गई तो तृणमूल कांग्रेस सुप्रीम कोर्ट तक कानूनी लड़ाई लड़ेगी।
उन्होंने यह भी घोषणा की कि वह जल्द ही पश्चिम बंगाल के विभिन्न जिलों का राजनीतिक दौरा शुरू करेंगी। रैली में उन्होंने भाजपा के खिलाफ संघर्ष जारी रखने का संकल्प दोहराया।