

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि देश महिला सशक्तीकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाने के लिए तैयार है। संसद के विशेष सत्र की शुरुआत से पहले उन्होंने यह संकेत दिया कि सरकार इस मुद्दे पर दृढ़ता से आगे बढ़ रही है।
मोदी ने कहा कि माताओं और बहनों का सम्मान ही राष्ट्र का सम्मान है, और इसी सोच के साथ सरकार ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ को आगे बढ़ा रही है।
इस विशेष सत्र में महिला आरक्षण कानून में संशोधन कर इसे 2029 से लागू करने की दिशा में कदम उठाया जाएगा। प्रस्तावित संविधान संशोधन के अनुसार, परिसीमन प्रक्रिया के बाद लोकसभा की सीटों की संख्या 543 से बढ़ाकर अधिकतम 850 तक की जा सकती है।
इसके साथ ही राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की विधानसभाओं में भी महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण सुनिश्चित करने का प्रावधान किया जाएगा।
विधेयक में यह भी कहा गया है कि महिलाओं के लिए आरक्षित सीटों का आवंटन विभिन्न निर्वाचन क्षेत्रों में रोटेशन के आधार पर किया जाएगा, ताकि सभी क्षेत्रों को समान अवसर मिल सके।