लखनऊ अग्निकांड में जान गंवाने वाली अनामिका का शव पहुंचा घर

Lucknow Fire Tragedy: Anamika's Body Reaches Howrah Home, Marriage Home Turns Into Mourning
अनामिका के गम में डूबा पूरा गांव
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निधि, सन्मार्ग संवाददाता

हावड़ा : हावड़ा के जगतबल्लभपुर स्थित गड़बालिया गांव में बुधवार को सन्नाटा पसरा रहा। जिस घर में कुछ ही महीनों बाद शादी की शहनाइयां गूंजने वाली थीं, वहां अब चीख-पुकार और मातम का माहौल है। लखनऊ के अलीगंज स्थित एक कोचिंग सेंटर में हुए भीषण अग्निकांड ने एक परिवार के सपनों को पल भर में राख कर दिया। इस हादसे में गांव की बेटी 27 वर्षीय अनामिका सामंत और उनके होने वाले पति 28 वर्षीय नीलेश कुमार की दर्दनाक मौत हो गई। परिजनों के अनुसार, आगामी नवंबर में दोनों की शादी तय थी। हाल ही में दोनों परिवारों के बीच विवाह की तैयारियां भी शुरू हो चुकी थीं। अनामिका के माता-पिता और परिजन पिछले सप्ताह ही लखनऊ जाकर शादी की अंतिम बातचीत कर लौटे थे।

शादी की खुशियां मातम में बदलीं, गम में डूबा पूरा इलाका

किसी ने कल्पना भी नहीं की थी कि कुछ ही दिनों बाद उन्हें अपनी बेटी का शव लेने के लिए फिर उसी शहर जाना पड़ेगा। करीब साढ़े तीन वर्षों से लखनऊ में कार्यरत अनामिका जिस कोचिंग सेंटर में काम करती थीं, उसी इमारत में आग लग गई। नीलेश भी उसी भवन में स्थित एक अन्य कार्यालय में कार्यरत थे। आग इतनी भयावह थी कि दोनों बाहर नहीं निकल सके। सोमवार की रात हादसे की खबर मिलते ही परिवार के लोग बदहवास हो उठे। मंगलवार की सुबह माता-पिता, भाई और चाचा लखनऊ पहुंचे। मुर्दाघर में जब अनामिका का शव दिखाया गया तो आग से झुलसे शरीर को पहचानना बेहद मुश्किल था। परिजनों ने किसी तरह चेहरे के बचे हुए हिस्से को देखकर उनकी पहचान की। बुधवार को अनामिका का पार्थिव शरीर हावड़ा स्थित पैतृक घर लाया गया। यह देख गांव के हर व्यक्ति की आंखें नम थीं। जिस बेटी की विदाई की तैयारी चल रही थी, उसे अंतिम विदाई दी गई। अनामिका की असमय मौत ने पूरे इलाके को गहरे शोक में डुबो दिया है।

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